Raid In Bihar : बिहार में एक जिला परिवहन पदाधिकारी (DTO) की काली कमाई का खुलासा हुआ है। यहां निगरानी विभाग की स्पेशल विजिलेंस यूनिट (SVU) ने शुक्रवार को नालंदा के डीटीओ अनिल कुमार दास के चार ठिकानों को एकसाथ खंगाला। डीटीओ के बिहारशरीफ स्थित कार्यालय और आवास के साथ-साथ पटना के रूपसपुर और धनौत स्थित फ्लैट और आवास पर छापेमारी की गयी। इस दौरान एक करोड़ रुपए मूल्य के जेवर और 1.5 करोड़ की जमीन के डीड बरामद किए गए।
जानकारी के मुताबिक, डीटीओ ने भ्रष्टाचार के जरिए अकूत संपत्ति जमा की थी। ज्वेलरी एवं जमीन के दस्तावेज के अतिरिक्त अनिल कुमार दास एवं उनकी पत्नी के नाम पर पटना-दानापुर में आवासीय मकान एवं फ्लैट की जानकारी मिली। वहीं, विभिन्न बैंकों में अनिल कुमार दास एवं उनकी पत्नी के नाम पर बैंक खाता एवं सावधि जमा (एफडी) का भी पता चला है।एसवीयू के अनुसार इनकी विस्तृत जांच की जाएगी।
मालूम हो कि, पटना और दानापुर में डीटीओ ने अधिक संपत्ति बनायी। शुक्रवार को बिहारशरीफ के अंबेर चौक स्थित डीटीओ के सरकारी आवास, नालंदा के रसूरपुर रोड कार्यालय चौक स्थित उनके घर और पटना के रूपसपुर में रामजयपाल रोड स्थित संवर्धनी सोसाइटी के बी ब्लॉक स्थित फ्लैट नंबर 501 में एसवीयू ने एकसाथ धावा बोला और ताबड़तोड़ छापेमारी की। डीटीओ के ठिकानों पर छापेमारी से बिहार के अधिकारियों में हड़कंप मचा हुआ है।
आपको बताते चलें कि, धनकुबेर अनिल कुमार दास सरकारी सेवा में साल 2010 में आए थे। उन पर सरकारी सेवा में रहते हुए गलत तरीके से अकूत संपत्ति अर्जित करने का आरोप है। यह राशि उनके द्वारा प्राप्त वेतन एवं अन्य ज्ञात स्रोतों से प्राप्त आय की तुलना में बहुत अधिक है। 94 लाख 90 हजार 606 रुपये की गैरकानूनी एवं नाजायज ढंग से संपत्ति अर्जित करने के आरोप में उनके खिलाफ भ्रष्टाचार निरोधक विभिन्न धाराओं में प्राथमिकी दर्ज की गई है।






