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18 जून से पटना में भारी बारिश का अलर्ट, सरकार सोचते रह गई और जलजमाव होना तय

PATNA : समय से पहले ही बिहार पहुंच चुका दक्षिणी पश्चिमी मानसून पूरे बिहार में एक्टिव हो चुका है। मानसून की मेहरबानी का असर ऐसा है कि हर इलाके में बारिश हो रही है। राजधानी पटना में

FirstBihar
Santosh Singh
3 मिनट

PATNA : समय से पहले ही बिहार पहुंच चुका दक्षिणी पश्चिमी मानसून पूरे बिहार में एक्टिव हो चुका है। मानसून की मेहरबानी का असर ऐसा है कि हर इलाके में बारिश हो रही है। राजधानी पटना में 17 जून को हल्की बारिश और 18 जून से भारी बारिश का अलर्ट मौसम विभाग ने जारी किया है। मौसम विभाग ने कहा है कि 18 जून से पटना सहित बिहार के ज्यादातर जिलों में मानसून अपनी पूरी रफ्तार पर नजर आएगा। 


मौसम विभाग की तरफ से जारी अलर्ट ने सरकार की नींद उड़ा दी है। खासतौर पर पटना नगर निगम और नगर एवं आवास विभाग को समझ में नहीं आ रहा है कि वह बारिश के अलर्ट के बीच जमीनी स्तर पर कैसे पटना को जलजमाव से बचाएं। नगर एवं आवास विभाग में पटना को जलजमाव से बचाने के लिए या जलजमाव की समस्या से लोगों को निजात दिलाने के लिए स्पेशल सेल का गठन किया है। यह सेल 24 घंटे काम कर रहा है। नगर निगम भी लगातार जलजमाव को लेकर आशंकित है लेकिन हकीकत यह है कि बीते साल पटना के डूबने के बावजूद जमीनी स्तर पर जलजमाव से निजात के लिए ठोस तरीके से काम नहीं हो पाया। सरकार पहले ही कह चुकी है कि जलजमाव से मुक्ति के लिए जो कार्ययोजना बनाई गई है उसे पूरा होने में कम से कम एक साल और लगेगा लिहाजा अगर बारिश हुई तो इस बार भी पटना के ज्यादातर इलाके डूबेंगे यह बात पक्की है। 




उधर मौसम विभाग में जो जानकारी दी है उसके मुताबिक मंगलवार की शाम तक के पटना में 15.6 मिलीमीटर बारिश हुई। 17 जून से बक्सर, पूर्वी चंपारण, गोपालगंज, शिवहर, किशनगंज, अररिया, पश्चिम चंपारण जिलों में बारिश होने की उम्मीद है। बारिश की वजह से पटना के अधिकतम तापमान में भी गिरावट दर्ज की गई है। पटना का अधिकतम तापमान मंगलवार को 32.6 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया जो सामान्य से चार डिग्री कम है।