BJP National President : पटना के बांकीपुर विधानसभा क्षेत्र से पांच बार के विधायक नितिन नवीन आज भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष पद के चुनाव के लिए अपना नामांकन दाखिल करेंगे। पार्टी की ओर से एकमात्र नामांकन दाखिल होने की संभावना है, जिससे उनका अध्यक्ष बनना तय माना जा रहा है। यह भाजपा के लिए एक महत्वपूर्ण और ऐतिहासिक क्षण है, क्योंकि नितिन नवीन बिहार से भाजपा के पहले राष्ट्रीय अध्यक्ष बनेंगे और साथ ही पार्टी के इतिहास में सबसे युवा राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने का रिकॉर्ड भी उनके नाम दर्ज होगा। भाजपा की स्थापना के बाद यह 11वां राष्ट्रीय अध्यक्ष होगा।
नामांकन प्रक्रिया भाजपा के दिल्ली स्थित केंद्रीय कार्यालय (हेड क्वार्टर) में पूरी की जाएगी। सूत्रों के अनुसार, नामांकन के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और वर्तमान भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा की मौजूदगी की चर्चा भी है। इस प्रकार की उपस्थिति नितिन नवीन के नेतृत्व को पार्टी की सर्वोच्च प्राथमिकता और मजबूत समर्थन का संकेत मानी जा रही है।
नामांकन प्रक्रिया पूरी होने के बाद केवल तीन घंटे के भीतर पूरी चुनावी औपचारिकता समाप्त हो जाएगी और उसी दिन उन्हें कार्यकारी अध्यक्ष से पूर्णकालिक राष्ट्रीय अध्यक्ष घोषित किया जा सकता है। हालांकि, औपचारिक घोषणा 20 जनवरी को की जाएगी।
भाजपा द्वारा जारी कार्यक्रम के अनुसार, 19 जनवरी को दोपहर 2 से 4 बजे तक नामांकन पत्र दाखिल किए जाएंगे। इसके बाद 4 से 5 बजे तक नामांकन पत्रों की जांच होगी और शाम 5 से 6 बजे के बीच नाम वापस लेने का समय निर्धारित है। यदि केवल एक ही नामांकन वैध रहता है, तो चुनाव अधिकारी निर्विरोध निर्वाचन की घोषणा करेंगे।
भाजपा में राष्ट्रीय अध्यक्ष का चुनाव राष्ट्रीय परिषद द्वारा किया जाता है, जिसमें पार्टी के करीब 5,708 सदस्य शामिल हैं। इनमें भाजपा की राष्ट्रीय परिषद और राज्य परिषदों के सदस्य शामिल होते हैं, जो देश के 30 से अधिक राज्यों से आते हैं। हालांकि, एकल नामांकन की स्थिति में मतदान की आवश्यकता नहीं पड़ेगी और नितिन नवीन को सीधे राष्ट्रीय अध्यक्ष घोषित किया जा सकता है।
भाजपा अध्यक्षों के इतिहास पर नजर डालें तो अब तक इस पद पर कई प्रमुख नेताओं ने कार्य किया है, जिनमें अटल बिहारी वाजपेयी, मुरली मनोहर जोशी, कुशाभाऊ ठाकरे, बंगारू लक्ष्मण, राजनाथ सिंह, नितिन गडकरी, अमित शाह और वर्तमान अध्यक्ष जेपी नड्डा शामिल हैं। इनमें लक्ष्मण और लालकृष्ण आडवाणी जैसे नेता ऐसे रहे हैं जिन्होंने एक से अधिक बार अध्यक्ष पद संभाला।
45 वर्षीय नितिन नवीन को पार्टी का युवा और संगठनात्मक रूप से मजबूत चेहरा माना जाता है। वे दिवंगत भाजपा नेता और पूर्व विधायक नवीन किशोर प्रसाद सिन्हा के बेटे हैं। नितिन नवीन लंबे समय से संगठनात्मक कार्यों में सक्रिय रहे हैं और बिहार में पार्टी के मजबूत संगठनात्मक ढांचे को तैयार करने में अहम भूमिका निभाई है। वे पांच बार बांकीपुर से विधायक रह चुके हैं और वर्तमान में बिहार मंत्रिमंडल में भी अहम भूमिका निभा चुके हैं।
पार्टी की राष्ट्रीय अध्यक्षता की दौड़ में नितिन नवीन का उदय संगठन की नई ऊर्जा और युवा नेतृत्व को बढ़ावा देने की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है। उनके नेतृत्व में भाजपा को अगले चुनावी चक्र में रणनीतिक बदलाव और संगठनात्मक मजबूती मिलने की उम्मीद है।





