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गांधी सेतु का कायाकल्प, 15 जून से एक लेन पर शुरू होगा परिचालन

PATNA : उत्तर बिहार को राज्य के अन्य इलाके से जोड़ने के लिए लाइफ लाइन कहे जाने वाले गांधी सेतु का कायाकल्प हो गया है। गांधी सेतु के स्टील स्ट्रक्चर का काम चल रहा है और आगामी 15 जून

FirstBihar
Santosh Singh
2 मिनट

PATNA : उत्तर बिहार को राज्य के अन्य इलाके से जोड़ने के लिए लाइफ लाइन कहे जाने वाले गांधी सेतु का कायाकल्प हो गया है। गांधी सेतु के स्टील स्ट्रक्चर का काम चल रहा है और आगामी 15 जून तक इसके एक लेन पर परिचालन शुरू कर दिया जाएगा। गांधी सेतु के नए स्ट्रक्चर के निर्माण का काम लगभग पूरा होने वाला है और फिलहाल इस पर अलकतरा पिचिंग का कार्य चल रहा है। 


पथ निर्माण विभाग के प्रधान सचिव ने कहा की आगामी 15 जून से स्टील स्ट्रक्चर वाले नए गांधी सेतु की एक लाइन पर गाड़ियां दौड़ने लगेंगी। निर्माण एजेंसी एफकॉन्स और सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय ने 15 जून से इसे चालू करने का लक्ष्य रखा है। गांधी सेतु का निर्माण साल 1982 में हुआ था और इस पर 87 करोड़ रुपए की लागत आई थी लेकिन बाद में इसकी हालत बिगड़ती गई और अब इसके सुपर स्ट्रक्चर को बदलने में 1372 करोड़ रुपये खर्च हो रहे हैं।


5.5 किलोमीटर लंबे गांधी सेतु की स्थिति बिगड़ने के बाद बिहार सरकार ने लगातार केंद्र से इसकी मरम्मत को लेकर गुहार लगाई। राहत की बात रही की पटना से उत्तर बिहार के लिए जेपी सेतु पर परिचालन शुरू हो गया। उसके बाद गांधी सेतु की मरम्मत का काम शुरू हुआ था। इस लेन पर काम पूरा होने के बाद अगले साल के अंत तक दूसरे लेन का काम भी पूरा कर लेने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।