बिहार में डेढ लाख लोगों के राशन कार्ड पर संकट, नहीं किया है यह काम तो हो सकता है बंद

Bihar Ration Card: बिहार में राशन कार्डधारियों के लिए ई-केवाईसी अनिवार्य कर दी गई है। सरकार ने अंतिम तारीख बढ़ाकर 31 मार्च कर दी है, जबकि करीब 1.5 करोड़ लाभार्थियों ने अब तक केवाईसी नहीं कराया है।

1st Bihar Published by: FIRST BIHAR Updated Mar 07, 2026, 5:06:30 PM

Bihar Ration Card

प्रतिकात्मक तस्वीर - फ़ोटो Google

Bihar Ration Card: बिहार में राशन कार्डधारियों के लिए ई-केवाईसी कराना अब अनिवार्य कर दिया गया है। राज्य सरकार ने स्पष्ट किया है कि सभी लाभुकों को यह प्रक्रिया पूरी करनी होगी, अन्यथा भविष्य में उन्हें सरकारी राशन योजना का लाभ मिलने में परेशानी हो सकती है। सरकार ने इसके लिए अंतिम तिथि बढ़ाकर 31 मार्च कर दी है।


राज्य में कुल 8 करोड़ 20 लाख राशन कार्ड लाभार्थी हैं, जिनमें से करीब डेढ़ करोड़ लोगों ने अब तक अपनी ई-केवाईसी अपडेट नहीं करवाई है। पहले इसकी अंतिम तिथि 15 फरवरी तय की गई थी, जिसे बढ़ाकर 28 फरवरी किया गया और अब इसे आगे बढ़ाते हुए 31 मार्च कर दिया गया है। विभाग का कहना है कि कई लोग जानकारी की कमी या राज्य से बाहर होने के कारण यह प्रक्रिया पूरी नहीं कर पा रहे हैं।


ई-केवाईसी के मामले में कई जिले अभी भी पीछे चल रहे हैं। इनमें वैशाली, सीवान, सीतामढ़ी, औरंगाबाद, समस्तीपुर, पूर्वी चंपारण, दरभंगा, पश्चिम चंपारण और अररिया शामिल हैं। इन जिलों के अधिकारियों को जल्द से जल्द सभी लाभार्थियों का सत्यापन पूरा कराने के निर्देश दिए गए हैं।


सरकार ने यह भी स्पष्ट किया है कि जो लोग काम के सिलसिले में दिल्ली, मुंबई या अन्य राज्यों में रहते हैं, उन्हें अपने गांव लौटने की जरूरत नहीं है। वे देश के किसी भी राज्य में नजदीकी राशन दुकान पर अंगूठा लगाकर अपनी ई-केवाईसी करा सकते हैं।


राज्य सरकार राशन कार्डों की समीक्षा भी कर रही है। अब तक 57 लाख कार्डधारक संदिग्ध पाए गए हैं, जिनकी जांच चल रही है और उन्हें नोटिस भेजे जा रहे हैं। इनमें से 33 लाख लोगों के नाम पहले ही सूची से हटाए जा चुके हैं। सरकार ने लाभार्थियों से अपील की है कि वे समय रहते अपनी ई-केवाईसी पूरी कर लें, ताकि राशन योजना का लाभ बिना किसी बाधा के मिलता रहे।