ब्रेकिंग
Bihar News : बांकीपुर उपचुनाव: बूथ अध्यक्ष से विधानसभा उम्मीदवार तक पहुंचे अभिषेक बंटी, बीजेपी ने साधारण कार्यकर्ता पर जताया भरोसाBihar News : बिहार में PhD के नियम बदल गए! अब 7.5 CGPA वालों को बिना मास्टर मिलेगी सीधी एंट्रीBihar News : बिहार को मिली बड़ी सौगात! सुपौल से दरभंगा के बीच बनेगा नया नेशनल हाईवे, इन जिलों की बदल जाएगी तस्वीरBihar News: TRE 4 अभ्यर्थियों के लिए खुशखबरी! 25 जुलाई तक BPSC को जाएगी अधियाचना, भर्ती प्रक्रिया होगी तेजBihar weather: बिहार में मानसून बेहाल! 55% कम बारिश, इन 5 जिलों में भारी वर्षा और वज्रपात का बड़ा अलर्टBihar News : बांकीपुर उपचुनाव: बूथ अध्यक्ष से विधानसभा उम्मीदवार तक पहुंचे अभिषेक बंटी, बीजेपी ने साधारण कार्यकर्ता पर जताया भरोसाBihar News : बिहार में PhD के नियम बदल गए! अब 7.5 CGPA वालों को बिना मास्टर मिलेगी सीधी एंट्रीBihar News : बिहार को मिली बड़ी सौगात! सुपौल से दरभंगा के बीच बनेगा नया नेशनल हाईवे, इन जिलों की बदल जाएगी तस्वीरBihar News: TRE 4 अभ्यर्थियों के लिए खुशखबरी! 25 जुलाई तक BPSC को जाएगी अधियाचना, भर्ती प्रक्रिया होगी तेजBihar weather: बिहार में मानसून बेहाल! 55% कम बारिश, इन 5 जिलों में भारी वर्षा और वज्रपात का बड़ा अलर्ट

ठंड बढ़ते ही बच्चों में बढ़ा निमोनिया का कहर, डॉक्टर ने बताए बचने का उपाय

बिहार में ठंड के दस्तक देते ही बच्चों में निमोनिया का कहर देखने को मिल रहा है. जिसका ताजा उदाहरण सूबे का दूसरा सबसे बड़ा अस्पताल नालन्दा मेडिकल कॉलेज अस्पताल में देखने को मिल रहा है. जहां शिशु विभाग

ठंड बढ़ते ही बच्चों में बढ़ा निमोनिया का कहर, डॉक्टर ने बताए बचने का उपाय
Mukesh Srivastava
2 मिनट

बिहार में ठंड के दस्तक देते ही बच्चों में निमोनिया का कहर देखने को मिल रहा है. जिसका ताजा उदाहरण सूबे का दूसरा सबसे बड़ा अस्पताल नालन्दा मेडिकल कॉलेज अस्पताल में देखने को मिल रहा है. जहां शिशु विभाग में निमोनिया से ग्रसित बच्चो का संख्या दिनोदिन बढ़ती जा रही है. बीमारी के शिकार छोटे-छोटे मासूम बच्चों का ईलाज चल रहा है. इस बीमारी से पीड़ित कुछ बच्चे की स्तिथि गम्भीर बताई जा रही है. वहीं ईलाज के बाद बच्चे नॉर्मल हो रहे है.


अस्पताल के अधीक्षक व शिशु विभाग के अध्यक्ष डॉ विनोद कुमार ने लोगो को सुझाव देते हुए बताया कि ठंड में बच्चों को गर्म कपड़े से ढक कर रखे. माँ अपने बच्चे को अपना दूध पिलाये ताकि बच्चे को भरपूर पौष्टिक आहार मिल सके. गर्म पानी का प्रयोग करें. अगर बाहर का दूध देते है तो बोतल में न देकर गिलास में दे. साथ ही मलेरिया से बचने के मच्छरदानी का प्रयोग करे. बच्चो के गीले कपड़े को जल्द बदले. तभी बच्चो को निमोनिया और डेंगू जैसे घातक बीमारी से बचाया जा सकता है.

टैग्स
रिपोर्टिंग
B

रिपोर्टर

BADAL ROHAN

FirstBihar संवाददाता