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बिहार में कृषि विभाग की बड़ी कार्रवाई, 265 खाद विक्रेताओं के लाइसेंस रद्द, 750 सस्पेंड

PATNA : बिहार में कृषि विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है. कृषि निदेशक ने कड़ी कार्रवाई करते हुए 750 खाद विक्रेताओं के लाइसेंस को सस्पेंड कर दिया है. इतना ही नहीं 265 विक्रेताओं के लाइसेंस

बिहार में कृषि विभाग की बड़ी कार्रवाई, 265 खाद विक्रेताओं के लाइसेंस रद्द, 750 सस्पेंड
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PATNA : बिहार में कृषि विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है. कृषि निदेशक ने कड़ी कार्रवाई करते हुए 750 खाद विक्रेताओं के लाइसेंस को सस्पेंड कर दिया है. इतना ही नहीं 265 विक्रेताओं के लाइसेंस रद्द भी कर दिए गए हैं. जानकारी के अनुसार यह कार्रवाई खाद बेचने में गड़बड़ी पाए जाने की वजह से की गई है और साल 2020-21 में अबतक पूरे राज्य में 3005 छापेमारी भी की जा चुकी है. 


कृषि निदेशक आदेश तितरमारे ने बताया कि खाद बिक्री में गंभीर गडबड़ी करने वाले 85 विक्रेताओं पर प्राथमिकी दर्ज की गई है वहीं 1050 विक्रेताओं से जवाब तलब किया गया है. सीमावर्ती जिलों में उर्वरकों की तस्करी को रोकने तथा कालाबाजारी पर लगाम लगाने के लिए इन जिलों के जिला पदाधिकारियों को भी सूचित किया गया है. मुख्यालय स्तर से भी जांच दल गठित कर सभी जिलों में भेजा जा रहा है. विभाग से यह सख्त निर्देश  दिए गए हैं कि हर हाल में उर्वरकों की बिक्री पॉश मशीन से की जाए. इसके लिए किसान को रसीद भी दी जाती है. 


कृषि निदेशक ने बताया कि रबी मौसम में कहीं भी खाद की कमी नहीं है. अक्टूबर से दिसम्बर तक 7.50 लाख टन यूरिया की जरूरत होती है. केन्द्र ने 7.30 लाख टन उपलब्ध करा दिया है. जनवरी में 2.20 लाख टन की जरूरत के विरुद्घ केन्द्र ने 2.20 लाख टन का आवंटन किया है. 21 जनवरी तक 1. 64 लाख टन (75 प्रतिशत) उपलब्ध करा दिया गया है. 

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FirstBihar न्यूज़ डेस्क

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