1st Bihar Published by: First Bihar Updated Sun, 08 Feb 2026 04:22:44 PM IST
जल्द ही पूरे बिहार में यह नियम होगा लागू - फ़ोटो सोशल मीडिया
PATNA: बिहार में डिलीवरी बॉय, कैब ड्राइवर और गिग वर्क करने वालों के लिए अब नौकरी पाना पहले जैसा आसान नहीं रहेगा। राज्य में सुरक्षा को लेकर बढ़ती चिंताओं के बीच पुलिस वेरिफिकेशन को अनिवार्य कर दिया गया है। अब इन सेवाओं से जुड़ने से पहले हर व्यक्ति को चरित्र प्रमाण पत्र देना होगा।
पिछले कुछ वर्षों में ऑनलाइन फूड डिलीवरी, ई-कॉमर्स और कैब सेवाओं का इस्तेमाल तेजी से बढ़ा है। लेकिन पुलिस के मुताबिक, कई मामलों में बिना सही जांच-पड़ताल के लोग इन सेवाओं में काम करने लगते हैं, जिससे ग्राहकों की सुरक्षा पर सवाल खड़े होते हैं। इसी को देखते हुए पुलिस मुख्यालय ने बड़ा फैसला लिया है।
अब सभी जिलों की पुलिस और संबंधित कंपनियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे किसी भी डिलीवरी बॉय, कैब ड्राइवर या गिग वर्कर को काम पर रखने से पहले उसका पुलिस वेरिफिकेशन जरूर कराएं। बिना सत्यापन के किसी को भी काम देने की अनुमति नहीं होगी।
जो लोग पहले से इस क्षेत्र में काम कर रहे हैं, उनके लिए भी यह नियम लागू होगा। अगर किसी कर्मचारी का अब तक पुलिस वेरिफिकेशन नहीं हुआ है, तो उसे तय समय के भीतर अपना चरित्र प्रमाण पत्र जमा करना होगा। ऐसा नहीं करने पर काम पर बने रहना मुश्किल हो सकता है। पुलिस का कहना है कि इस फैसले से ग्राहकों और आम लोगों की सुरक्षा मजबूत होगी, साथ ही संदिग्ध या आपराधिक क्षेत्र वाले लोगों के लिए इस सेक्टर में काम करना कठिन हो जाएगा।
पटना, भागलपुर और मुजफ्फरपुर जैसे बड़े शहरों में ऑनलाइन डिलीवरी और कैब सेवाओं का नेटवर्क सबसे ज्यादा है। यहां पुलिस विशेष टीमों के जरिए कंपनियों के साथ मिलकर गिग वर्कर्स की पहचान और सत्यापन का काम करेगी। यह प्रक्रिया जल्द ही पूरे बिहार में लागू की जाएगी।