Patna Crime : पटना में अपराधियों के हौसले एक बार फिर बुलंद नजर आ रहे हैं। रामकृष्ण नगर थाना क्षेत्र के भूपतिपुर इलाके में शनिवार रात बदमाशों ने एक गैराज संचालक पर ताबड़तोड़ गोलियां बरसा दीं। गंभीर रूप से घायल गैराज संचालक को इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। मृतक की पहचान अंजनी नंदन कुमार के रूप में हुई है।
गैराज बंद कर घर लौट रहे थे अंजनी
जानकारी के अनुसार अंजनी नंदन कुमार भूपतिपुर इलाके में नंदन ऑटोमोबाइल गैराज चलाते थे। शनिवार रात उन्होंने रोज की तरह अपना गैराज बंद किया और घर लौटने के लिए निकले थे। बताया जा रहा है कि इसी दौरान पहले से घात लगाए बाइक सवार बदमाशों ने उन्हें निशाना बना लिया।
अचानक हुई फायरिंग से इलाके में अफरातफरी मच गई। बदमाशों ने अंजनी नंदन पर ताबड़तोड़ गोलियां चला दीं। फायरिंग में उन्हें तीन गोलियां लगीं। गोली लगते ही वह सड़क पर गिर पड़े। वारदात के बाद हमलावर बाइक से मौके से फरार हो गए।
सड़क पर गिरे मिले गैराज संचालक
फायरिंग की आवाज सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे। सड़क पर अंजनी नंदन को घायल अवस्था में पड़ा देखकर लोगों ने घटना की जानकारी पुलिस को दी। सूचना मिलते ही रामकृष्ण नगर थाने की पुलिस मौके पर पहुंची।पुलिस ने स्थानीय लोगों की मदद से घायल अंजनी नंदन को कंकड़बाग स्थित अस्पताल पहुंचाया। डॉक्टरों ने उनका इलाज शुरू किया, लेकिन उनकी हालत गंभीर बनी रही। इलाज के दौरान अंजनी नंदन ने दम तोड़ दिया।मौत की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। परिजन अस्पताल पहुंचे और उनका रो-रोकर बुरा हाल हो गया। वहीं, घटना की जानकारी मिलते ही बड़ी संख्या में स्थानीय लोग भी मौके पर जुट गए।
घटनास्थल से मिले तीन खोखे
पुलिस ने घटनास्थल की जांच शुरू कर दी है। मौके से तीन खोखे बरामद किए गए हैं। पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाल रही है, ताकि गोलीबारी करने वाले बदमाशों की पहचान की जा सके। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि अंजनी नंदन की हत्या के पीछे क्या वजह थी। क्या बदमाश पहले से उनकी रेकी कर रहे थे या फिर किसी पुरानी रंजिश के चलते उन्हें निशाना बनाया गया, इन तमाम बिंदुओं पर जांच की जा रही है।
फिलहाल वारदात के बाद इलाके में दहशत का माहौल है। लोगों के बीच यह चर्चा भी है कि आखिर बदमाशों ने गैराज संचालक को क्यों निशाना बनाया। पुलिस का कहना है कि जांच के बाद ही हत्या की वजह और घटना में शामिल अपराधियों के बारे में स्पष्ट जानकारी सामने आएगी।
तीन दिन पहले जनसुराज नेता पर भी हुई थी फायरिंग
पटना में गोलीबारी की यह घटना ऐसे समय हुई है, जब महज तीन दिन पहले ही बुद्धा कॉलोनी थाना क्षेत्र के किदवईपुरी इलाके में पूर्व पार्षद और जनसुराज कार्यकर्ता अनिल कुमार यादव पर बदमाशों ने फायरिंग की थी। बताया गया था कि अनिल कुमार यादव मां सुखिया महल अपार्टमेंट के बेसमेंट में अपने समर्थकों के साथ बैठे थे। इसी दौरान हथियारों से लैस बदमाश वहां पहुंचे और अचानक फायरिंग शुरू कर दी। इस घटना में अनिल कुमार यादव को पांच गोलियां लगी थीं।
14 राउंड फायरिंग से मची थी दहशत
अनिल कुमार यादव पर हमले के दौरान बदमाशों ने करीब 14 राउंड गोलियां चलाई थीं। घटनास्थल से आठ खोखे बरामद किए गए थे। गोलीबारी के बाद इलाके में अफरातफरी मच गई थी। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी हथियार लहराते हुए मौके से फरार हो गए थे। जिस अपार्टमेंट में यह घटना हुई, उसके फर्स्ट फ्लोर पर गर्ल्स हॉस्टल भी है और आसपास घनी आबादी वाला रिहायशी इलाका है। घटना के बाद जनसुराज नेता अनिल कुमार यादव से मिलने प्रशांत किशोर भी अस्पताल पहुंचे थे।
अब रामकृष्ण नगर के भूपतिपुर में गैराज संचालक की हत्या ने पटना में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर फिर सवाल खड़े कर दिए हैं। हालांकि दोनों घटनाओं के बीच किसी तरह का संबंध है या नहीं, इसकी कोई पुष्टि नहीं हुई है। पुलिस फिलहाल अंजनी नंदन हत्याकांड की जांच और आरोपियों की तलाश में जुटी है।





