Bihar News : बिहार विधान परिषद की 8 सीटों पर होने वाले चुनाव को लेकर सियासी सरगर्मी तेज हो गई है। इस बीच भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने अपने हिस्से की चारों सीटों पर उम्मीदवारों के नाम तय कर लिए हैं। पार्टी ने दो मौजूदा विधान पार्षदों नवल किशोर यादव और एनके यादव पर एक बार फिर भरोसा जताया है। वहीं, दरभंगा स्नातक और तिरहुत शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से भी पुराने चेहरों को चुनावी मैदान में उतारने का फैसला किया गया है।
भाजपा की बिहार कोर कमेटी ने चारों उम्मीदवारों के नामों की सूची केंद्रीय नेतृत्व को भेज दी है। हालांकि, उम्मीदवारों के नामों की औपचारिक घोषणा अभी बाकी है। केंद्रीय नेतृत्व की मुहर लगने के बाद पार्टी की ओर से आधिकारिक ऐलान किया जाएगा।
बिहार विधान परिषद की 8 सीटों के लिए 23 अक्टूबर को मतदान होना है, जबकि मतगणना 27 अक्टूबर को होगी। चुनाव के लिए नामांकन की प्रक्रिया 29 सितंबर से शुरू होने वाली है। एनडीए में सीटों के बंटवारे के तहत भाजपा चार सीटों पर चुनाव लड़ रही है, जबकि बाकी चार सीटें जेडीयू के खाते में गई हैं। जेडीयू अपने चारों उम्मीदवारों के नामों की घोषणा पहले ही कर चुकी है।
नवल किशोर यादव पर फिर भरोसा, छठी जीत की तैयारी
भाजपा ने पटना शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से मौजूदा विधान पार्षद नवल किशोर यादव को एक बार फिर उम्मीदवार बनाने का फैसला किया है। नवल किशोर यादव इस सीट से लगातार पांच बार चुनाव जीत चुके हैं। अब उनकी नजर छठी बार जीत दर्ज करने पर है।
नवल किशोर यादव का इस निर्वाचन क्षेत्र में लंबे समय से प्रभाव रहा है। वह दो बार भाजपा के टिकट पर विधान परिषद पहुंचे हैं। इससे पहले एक बार राजद और दो बार निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में जीत हासिल कर चुके हैं।
पटना शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से उनकी उम्मीदवारी तय होने के बाद अब सबकी नजर इस बात पर रहेगी कि वह लगातार छठी जीत दर्ज कर पाते हैं या नहीं।
कोसी स्नातक सीट से एनके यादव को फिर टिकट
भाजपा ने कोसी स्नातक निर्वाचन क्षेत्र से मौजूदा विधान पार्षद नरेंद्र कुमार उर्फ एनके यादव को दोबारा उम्मीदवार बनाने का निर्णय लिया है।
एनके यादव इस सीट से लगातार दो बार चुनाव जीत चुके हैं। अब वह तीसरी बार जीत हासिल करने के इरादे से मैदान में उतरेंगे। पेशे से डॉक्टर एनके यादव भागलपुर के रहने वाले हैं। उनकी पत्नी वीणा यादव भी डॉक्टर हैं और भागलपुर नगर निगम की मेयर रह चुकी हैं।
दरभंगा स्नातक सीट से सर्वेश कुमार पर दांव
दरभंगा स्नातक निर्वाचन क्षेत्र से भाजपा ने मौजूदा निर्दलीय विधान पार्षद सर्वेश कुमार को उम्मीदवार बनाने का फैसला किया है। सर्वेश कुमार ने 2020 के विधान परिषद चुनाव में भाजपा से टिकट नहीं मिलने के बाद निर्दलीय चुनाव लड़ा था और जीत हासिल की थी।
उस चुनाव में उन्होंने एनडीए की ओर से जेडीयू के टिकट पर मैदान में उतरे दिलीप चौधरी को हराया था। अब भाजपा ने उन्हें अपने उम्मीदवार के रूप में उतारने का निर्णय लिया है।
इस बार दरभंगा स्नातक सीट भाजपा के खाते में आई है। वहीं, एनडीए में सीटों के तालमेल के तहत दरभंगा शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र जेडीयू को दिया गया है। पिछली बार इस सीट पर भाजपा ने चुनाव लड़ा था।
तिरहुत शिक्षक सीट से नरेंद्र प्रसाद सिंह को मौका
तिरहुत शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से भाजपा ने नरेंद्र प्रसाद सिंह को उम्मीदवार बनाने का फैसला किया है। नरेंद्र सिंह पिछली बार भी भाजपा के टिकट पर चुनाव लड़े थे, लेकिन उन्हें हार का सामना करना पड़ा था।
रिपोर्ट के मुताबिक, नरेंद्र प्रसाद सिंह वर्ष 2008 में तिरहुत शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से विधान परिषद का चुनाव जीत चुके हैं। अब पार्टी ने एक बार फिर उन पर भरोसा जताया है।
23 अक्टूबर को मतदान, 27 को आएंगे नतीजे
बिहार विधान परिषद की आठ सीटों पर होने वाला यह चुनाव राजनीतिक रूप से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। भाजपा और जेडीयू के बीच सीटों का बंटवारा हो चुका है और जेडीयू अपने उम्मीदवारों की घोषणा भी कर चुकी है।
अब भाजपा के चार उम्मीदवारों के नामों की आधिकारिक घोषणा का इंतजार है। नामांकन की प्रक्रिया 29 सितंबर से शुरू होगी। इसके बाद चुनाव प्रचार तेज होने की संभावना है। 23 अक्टूबर को मतदान और 27 अक्टूबर को मतगणना के साथ चुनावी तस्वीर साफ हो जाएगी।





