Bihar elevated road : बिहार में विधानसभा चुनाव के बाद राज्य में विकास कार्यों को नई गति दी जा रही है। इसी कड़ी में पटना-बिहटा एलिवेटेड रोड का निर्माण तेजी से पूरा करने का काम चल रहा है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने हाल ही में खुद दानापुर-बिहटा एलिवेटेड रोड का निरीक्षण किया और परियोजना की प्रगति का जायजा लिया। इस मौके पर उन्होंने अधिकारियों को समयसीमा के भीतर निर्माण कार्य पूरा करने का निर्देश दिया।
दनापुर-बिहटा एलिवेटेड कॉरिडोर का निर्माण सितंबर 2026 तक पूरा होने का लक्ष्य रखा गया है। डीएम डॉ. त्यागराजन एसएम ने अधिकारियों और निर्माण एजेंसी के प्रतिनिधियों को काम में तेजी लाने और निर्माण कार्य में आने वाली बाधाओं को दूर करने के निर्देश दिए। उन्होंने जमीन अधिग्रहण के एवज में लंबित मुआवजा भुगतान में भी तेजी लाने का आदेश दिया ताकि किसानों और प्रभावितों को जल्द से जल्द राहत मिल सके।
डीएम ने कहा कि एनएच 119डी रामनगर कच्ची दरगाह के बीच फोरलेन निर्माण के लिए अधिगृहीत 194.02 एकड़ जमीन में किसी को खेती करने की अनुमति नहीं दी जाएगी। इसके लिए पटना सिटी एसडीओ, फतुहा और दीदारगंज अंचल के सीओ एवं थानाध्यक्ष जिम्मेदार होंगे। साइट क्लियरेंस कराने के लिए मजिस्ट्रेट और पुलिस पदाधिकारियों की तैनाती भी सुनिश्चित की जाएगी।
पथ निर्माण विभाग के मंत्री नितिन नवीन ने कहा कि विभाग राज्य के विकास की रीढ़ है। अगले पांच वर्षों में एक्सप्रेसवे, रिंग रोड और अन्य महत्वपूर्ण परियोजनाओं को समय पर पूरा करने के लिए तेजी से काम किया जाएगा। उन्होंने कहा कि मॉनिटरिंग प्रणाली को टेक्नोलॉजी के माध्यम से और मजबूत किया जाएगा और पथ निर्माण की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।
मंत्री नितिन नवीन ने यह भी स्पष्ट किया कि मुख्यमंत्री के नेतृत्व में विभाग ग्रामीण इलाकों को शहरों से जोड़ने, पर्यटन स्थलों तक बेहतर मार्ग उपलब्ध कराने और औद्योगिक गलियारों को राज्य के अन्य हिस्सों से जोड़ने की योजनाओं पर तेजी से काम करेगा। अगले पांच सालों में निर्माण गुणवत्ता की निगरानी के लिए डिजिटल सिस्टम अपनाए जाएंगे और सड़क सुरक्षा मानकों को कड़ाई से लागू किया जाएगा।
पटना-बिहटा एलिवेटेड रोड परियोजना न केवल शहरों को जोड़ने में मदद करेगी बल्कि यातायात के दबाव को कम करके लोगों को सुरक्षित औरआरामदायक यात्रा सुविधा भी प्रदान करेगी। राज्य सरकार की यह कोशिश बिहार में इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत बनाने और विकास को नई दिशा देने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। इस परियोजना के समय पर पूरा होने से पटना और बिहटा के बीच आवागमन आसान होगा और क्षेत्र का समग्र विकास भी तेज होगा।
इस प्रकार, बिहार में सड़क और परिवहन परियोजनाओं को प्रगति की नई गति देने के साथ-साथ सरकार ने डिजिटल मॉनिटरिंग और सुरक्षा मानकों के माध्यम से कार्य की गुणवत्ता सुनिश्चित करने की प्रतिबद्धता भी जताई है।






