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नहीं दिख रहा तेजस्वी के मिशन 60 का असर ! गोली लगे युवक का टॉर्च की रोशनी से हो रहा इलाज, इंमरजेंसी में भी नहीं मौजूद है बिजली व्यवस्था

SAPAUL : बिहार में पिछले साल अगस्त के महीने में एनडीए की सरकार बदल गई थी। इस सरकार के बदलने के बाद स्वास्थ्य विभाग की कमान राजद नेता तेजस्वी यादव के हाथों में दे दी गई। इसके बाद वह

नहीं दिख रहा तेजस्वी के मिशन 60 का असर ! गोली लगे युवक का टॉर्च की रोशनी से हो रहा इलाज, इंमरजेंसी में भी नहीं मौजूद है बिजली व्यवस्था
Tejpratap
Tejpratap
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SAPAUL : बिहार में पिछले साल अगस्त के महीने में एनडीए की सरकार बदल गई थी। इस सरकार के बदलने के बाद स्वास्थ्य विभाग की कमान राजद नेता तेजस्वी यादव के हाथों में दे दी गई। इसके बाद वह लगातार इसमें सुधार को लेकर प्रयासरत नजर आते हैं। कई मौके पर वो खुद भी अस्पतालों के औचक निरीक्षण करते हुए नजर आते हैं इसके साथ ही साथ कई तरह के मिशन भी चलाते हुए नजर आते हैं। इतना सब होने के बावजूद राज्य के स्वास्थ्य व्यवस्था में कोई खासा सुधार नजर नहीं आ रहा है। इसी कड़ी में अब स्वास्थ्य विभाग की बदहाली का एक नया मामला सुपौल से निकल कर सामने आया है जहां टॉर्च की रोशनी में इलाज किया जा रहा है।


दरअसल, सुपौल में एक गोलीकांड पीड़ित का अस्पताल में बिजली नही रहने की वजह से मोबाइल के टॉर्च की रौशनी में ईलाज किया गया।यहां जदिया वार्ड नम्बर 14 में महिलाओं के आपसी विवाद में भतीजा ने चाचा को गोली मारकर गंभीर रूप से जख्मी कर दिया गया। जिसके बाद जख्मी चाचा को परिजनों द्वारा त्रिवेणीगंज अनुमंडलीय अस्पताल लाया गया। जहां ड्यूटी पर तैनात चिकित्सक डॉ.बीएन पासवान द्वारा प्राथमिक उपचार कर बेहतर ईलाज लिए जख्मी को हायर सेंटर रेफर कर दिया गया। इस दौरान अनुमंडलीय अस्पताल से एक शर्मनाक तस्वीर निकल कर सामने आई। 


बताया जा रहा है, गोली लगने से  जख्मी व्यक्ति का उपचार सरकारी अस्पताल में मोबाइल के टॉर्च की रोशनी में किया गया। जिस वक्त जख्मी मरीज का उपचार चल रहा था उस बिजली नहीं थी और आपातकाल के लिए जेनरेटर की व्यवस्था भी नहीं रखी गई थी। इस वजह से पुलिस के वरीय अधिकारियों की मौजूदगी में मोबाइल की रोशनी से उसका उपचार किया गया। 


वहीं, इस मामले को लेकर अस्पताल के स्वास्थ्य प्रबंधक नीरज चौधरी ने बताया कि सब एनजीओ का प्रॉब्लम है। बार-बार इस तरह की बात होती है बार-बार एनजीओ को लेटर दिया गया है। इसको लेकर एसडीओ साहब को भी प्रतिलिपि दिया गया है फिर भी एनजीओ पर कोई कार्यवाई नहीं होती है। घटना के संबंध त्रिवेणीगंज एसडीपीओ विपीन कुमार ने बताया कि जदिया वार्ड नम्बर 14 निवासी अशोक मंडल को उसके दियादी झगड़ा में जगदीश मंडल के पुत्र जीवन मंडल उर्फ जुम्मन मंडल के द्वारा गोली मारा गया है। एक आदमी को गोली लगा है आरोपी की शिनाख्त हो गई है उसे हिरासत में भी ले लिया गया है अभी झगड़ा का वजह कुछ क्लियर नहीं हुआ है। हमलोग अनुसंधान कर रहे हैं,जल्द पता चल जाएगा।


आपको बता दें कि इस सरकारी अस्पताल में मोबाइल के टॉर्च की रोशनी में ईलाज करने का यह मामला कोई नया नहीं है। इससे पूर्व भी कई बार जख्मी मरीजों का उपचार मोबाइल के टॉर्च की रोशनी में किया गया है। जो बिहार सरकार के उपमुख्यमंत्री सह स्वास्थ्य मंत्री के बेहतर स्वास्थ्य के दावों का पोल खोलती हुई नजर आती है। 

रिपोर्टिंग
S

रिपोर्टर

SANT SAROJ

FirstBihar संवाददाता