ब्रेकिंग
बिहार में उच्च शिक्षा की खुली पोल: NIRF रैंकिंग में निराशाजनक प्रदर्शन, Top 100 में एक भी विश्वविद्यालय नहींइंटरनेशनल फेक करेंसी गैंग का सरगना बिहार से अरेस्ट, STF और जिला पुलिस की संयुक्त कार्रवाई; मिलिट्री इंटेलिजेंस के इनपुट पर एक्शनपटना में दिनदहाड़े युवक-युवती पर चाकू से हमला, वायरल वीडियो से मचा हड़कंपपाकिस्तान के क्वेटा में रेलवे ट्रैक के पास बड़ा धमाका, अबतक 23 की मौत; 47 लोग घायलWHO ने इबोला को घोषित किया वैश्विक स्वास्थ्य आपातकाल, भारत ने जारी की ट्रैवल एडवाइजरीबिहार में उच्च शिक्षा की खुली पोल: NIRF रैंकिंग में निराशाजनक प्रदर्शन, Top 100 में एक भी विश्वविद्यालय नहींइंटरनेशनल फेक करेंसी गैंग का सरगना बिहार से अरेस्ट, STF और जिला पुलिस की संयुक्त कार्रवाई; मिलिट्री इंटेलिजेंस के इनपुट पर एक्शनपटना में दिनदहाड़े युवक-युवती पर चाकू से हमला, वायरल वीडियो से मचा हड़कंपपाकिस्तान के क्वेटा में रेलवे ट्रैक के पास बड़ा धमाका, अबतक 23 की मौत; 47 लोग घायलWHO ने इबोला को घोषित किया वैश्विक स्वास्थ्य आपातकाल, भारत ने जारी की ट्रैवल एडवाइजरी

'आप केस सुलझा सकते हैं या नहीं ...,' MBA छात्रा अपहरण मामले में पटना HC मुजफ्फरपुर के SSP को किया तलब

MUZAFFARPUR : बीते साल बिहार के मुजफ्फरपुर के छात्रा के अपहरण मामले में पटना हाईकोर्ट ने मुजफ्फरपुर के एसएसपी को 24 नवंबर को तलब किया है। साथ ही कोर्ट ने पूछा कि क्या वो इस केस को

'आप केस सुलझा सकते हैं या नहीं ...,' MBA छात्रा अपहरण मामले में पटना HC मुजफ्फरपुर के SSP को किया तलब
Tejpratap
Tejpratap
4 मिनट

MUZAFFARPUR : बीते साल बिहार के मुजफ्फरपुर के छात्रा के अपहरण मामले में पटना हाईकोर्ट ने मुजफ्फरपुर के एसएसपी को 24 नवंबर को तलब किया है। साथ ही कोर्ट ने पूछा कि क्या वो इस केस को सुलझा सकते हैं या नहीं। यह अपहरण का मामला 11 महीने पुराना है। अब इस मामले में शुक्रवार को न्यायमूर्ति राजीव रंजन प्रसाद की एकलपीठ ने सुनवाई की। 


दरअसल, मुजफ्फरपुर के सदर थाना क्षेत्र के एक मोहल्ले से गायब एमबीए छात्रा के अपहरण और गिरफ्तार संदिग्धों का बयान कोर्ट में दर्ज नहीं कराने के मामले में हाईकोर्ट ने मुजफ्फरपुर एसएसपी को तलब किया है। उन्हें 24 नवंबर को कोर्ट में उपस्थित होने का आदेश दिया गया है। राज्य सरकार की ओर से इस केस में एक जवाब दाखिल कर कोर्ट को बताया गया कि जांच अधिकारी को कई अहम निर्देश दिए गए हैं।


बताया जा रहा है कि सदर थाना क्षेत्र से11 महीने पहले अगवा 22 वर्षीय छात्रा के मामले में कोर्ट ने एसएसपी से जानना चाहा कि वे इस केस को सुलझा सकते हैं या नहीं? नहीं तो हाईकोर्ट यह तय करेगा की राज्य की पुलिस फेल हो गई है। कोर्ट ने आर्थिक अपराध इकाई को आदेश दिया कि अगली सुनवाई के पूर्व पीड़िता के सोशल मीडिया और अन्य सोशल एकाउंट की तहकीकात के साथ इस मामले में संदिग्धों के कॉल डिटेल्स से संबंधित पड़ताल की रिपोर्ट पेश करें।


वहीं, बच्ची के नाना की ओर से अधिवक्ता दीनू कुमार और अरविंद कुमार सिंह ने कोर्ट को बताया कि- पिछली सुनवाई के दौरान कोर्ट ने एसएसपी को निर्देश दिया था, लेकिन पालन नहीं किया गया। इसका पूरा फायदा अभियुक्तों को मिलेगा। उन्होंने अखबार में छपी खबर का हवाला देते हुए कहा कि राज्य से करीब तीन हजार लड़कियां गायब हैं। आखिर बच्चियां कहां चली गईं, इस पर क्यों नहीं जांच की जाती?


मालूम हो कि, 11 महीने पहले एमबीए छात्रा का अपहरण भगवानपुर चौक से बीते साल 12 दिसंबर को कर लिया गया था। मामले में छात्रा के नाना ने सदर थाने में एफआईआर कराई थी। पुलिस को जांच में पता चला कि सोनू कुमार नाम के एक शख्स ने दो महिलाओं के साथ भगवानपुर से नशे का इंजेक्शन देकर छात्रा का अपहरण कर लिया है। इसके बाद उसे चतुर्भुज स्थान में बेच दिया है। यह पता चलने के बाद भी पुलिस ने सोनू को पूछताछ के लिए नहीं बुलाया। बाद में गिरफ्तार दो महिलाओं ने पुलिस को कई तथ्यों की जानकारी दी। इसी बीच अपहृत लड़की के परिजनों ने डीजीपी, मानवाधिकार आयोग, साइबर क्राइम ब्रांच से गुहार लगाई, लेकिन कहीं से कुछ नहीं हुआ।


उधर, सोशल मीडिया पर छात्रा को बरामद करने को लेकर अभियान चलाया गया था। समाहरणालय परिसर में धरना तक दिया जा चुका है। तत्कालीन थानेदार सत्येंद्र कुमार मिश्र ने छात्रा की बरामदगी को लेकर चतुर्भुज स्थान इलाके में छापेमारी की थी। हालांकि इसमें पुलिस को सफलता नहीं मिली थी। वरीय पुलिस अधिकारियों के निर्देश पर विशेष टीम का गठन किया गया था।