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मूलभूत सुविधाएं नहीं मिलने से नाराज ग्रामीण, सरकार को दी वोट बहिष्कार की चेतावनी

KAIMUR : बिहार में विधानसभा चुनाव नजदीक आ चुके हैं और विभिन्न दलों के नेताओं ने जनसंपर्क अभियान चलाना शुरू कर दिया है. लेकिन कुछ नेता ऐसे भी हैं जो चुनाव जीतने के बाद अपने क्षेत्र

मूलभूत सुविधाएं नहीं मिलने से नाराज ग्रामीण, सरकार को दी वोट बहिष्कार की चेतावनी
First Bihar
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KAIMUR : बिहार में विधानसभा चुनाव नजदीक आ चुके हैं और विभिन्न दलों के नेताओं ने जनसंपर्क अभियान चलाना शुरू कर दिया है. लेकिन कुछ नेता ऐसे भी हैं जो चुनाव जीतने के बाद अपने क्षेत्र में दिखे तक नहीं हैं. वैसे नेताओं से अब जनता हिसाब मांग रही है. ताजा मामला कैमूर जिले के रामगढ़ विधानसभा क्षेत्र के लेबदहां गांव का है जहां बीजेपी के विधायक अशोक सिंह के खिलाफ जनता में आक्रोश देखने को मिल रहा है. 


गौरतलब है कि लेबदहां गांव में कुल 500 घर हैं लेकिन आजतक उस गांव के लोगों को आवागमन के लिए सड़क की सुविधा नहीं मिली है. इस बार जब चुनाव नजदीक आया है तो जनता ने रोड नहीं तो वोट नहीं का मन बना लिया है. ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द से जल्द उनके गांव का विकास नहीं होता है तो इस बार विधानसभा चुनाव में ग्रामीण वोट का बहिष्कार करेंगे. 


इतना ही नहीं ग्रामीणों ने बताया कि गांव में आये दिन जलजमाव की स्थिति बनी रहती है जिस वजह से उन्हें काफी परेशानी हो जाती है. ग्रामीणों का कहना है कि जब भी चुनाव आता है तो नेता जी गांव में वोट मांगने के लिए आते हैं और विकास का वादा करते हैं. सब यही कहते हैं हमें वोट दीजिए हम जीतेंगे तो आपकी समस्याएं दूर कर देंगे. लेकिन आज 30 सालों से हम लोग रोड की समस्या को झेल रहे हैं. यहां तक कि घरों से निकलने वाले पानी के निकासी की भी व्यवस्था नहीं है.


ग्रामीणों ने बताया कि हम सरकार से गुहार लगाते-लगाते थक चुके हैं. अब हम लोगों ने मन बना लिया है कि अगर हम लोगों के गांव की सड़क नहीं बनेगी, तो हम लोग किसी भी परिस्थिति में वोट देने नहीं जाएंगे. यह किसी एक व्यक्ति का नहीं बल्कि इस गांव के 500 घरों में रहने वाले लोगों का फैसला है क्योंकि समस्याएं सबको हो रही हैं. उन्होंने बताया कि सबसे ज्यादा परेशानी बारिश के मौसम में पढ़ने वाले बच्चों और बीमार लोगों को झेलना पड़ता है. इस आधुनिक युग में भी जैसे-तैसे खाट पर टांग कर हम बीमार लोगों को अस्पताल ले जाते हैं. हम लोगों की मूलभूत समस्याओं का किसी को ध्यान नहीं है तो ऐसे में सभी ने वोट बहिष्कार करने का मन बना लिया है.