Bihar News: फर्नीचर दुकान की आड़ में अवैध हथियार का निर्माण चल रहा था। गुप्त सूचना के आधार पर पुलिस ने छापेमारी कर मिनी गन फैक्ट्री का खुलासा किया। सहरसा के डरहार थाना क्षेत्र के कटियाही गांव में यह अवैध धंधा बेखौफ चल रहा था।
सहरसा सदर एसडीपीओ आलोक कुमार ने इस बात की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि डरहार थाना इलाके के कटियाही वार्ड नंबर 3 निवासी पूर्णानंद बढई अपने बेटे विकास कुमार के साथ फर्नीचर की दुकान की आड़ में अवैध हथियार बनाने का काम करते हैं।
इसी सूचना के आधार पर पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर सदर अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी के नेतृत्व में डरहार पुलिस के साथ टीम बनाकर छापेमारी की गई और मिनी गन फैक्ट्री का उद्भेदन किया गया। छापेमारी के दौरान वहां से निर्मित और अर्धनिर्मित हथियार, औजार के साथ एक व्यक्ति को भी हिरासत में लिया गया है। जबकि दूसरा शख्स भागने में सफल रहा।
छापेमारी के दौरान अर्ध निर्मित बट 04, अर्ध निर्मित बैरल 04, रिटर्निंग जीविया 03, अधनिर्मित घोड़ा (ट्रिगर) 02, छेद करने वाला बीट 20 पीस, जिंदा कारतूस 09,खोखा 03, बैरल बनाने वाला पाईप 09, देसी कट्टा तीन, गुना करने वाला ड्रिल मशीन 01,बैरल के छेद करने वाला मशीन 01, लकड़ी में लाह करने वाला एक, आरी पत्ती 01,सरेस कागज, 02, बैरल काटने वाला ब्लेड 06, छेनी हथोड़ा, गुनिया समेत कल 26 प्रकार के सामग्रियों को जब्त किया गया है।
डीएसपी आलोक कुमार ने बताया कि हथियार का सप्लाई सहरसा के आसपास के इलाकों में किया जाता था। गिरफ्तार युवक विकास पुन्नान बढ़ई का बेटा है। पुलिस के अनुसार पिता और पुत्र दोनों मिलकर हथियार बनाने और बेचने का काम किया करते हैं। फिलहाल पुलिस आगे की कार्रवाई में जुटी है।





