ब्रेकिंग
पाकिस्तान के क्वेटा में रेलवे ट्रैक के पास बड़ा धमाका, अबतक 23 की मौत; 47 लोग घायलWHO ने इबोला को घोषित किया वैश्विक स्वास्थ्य आपातकाल, भारत ने जारी की ट्रैवल एडवाइजरीBihar News : “मटन खाने से किया इनकार… फिर युवक पर बरसी लाठी-टांगी, बिहार के इस जिले में में अजीब विवाद2 करोड़ लोग ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ से जुड़े, बोले प्रशांत किशोर..जनता की नाराजगी सरकार को समझनी चाहिएपटना के होटल में पॉलिटेक्निक छात्रा से छेड़छाड़ का प्रयास, पिता के सामने अगवा करने की कोशिशपाकिस्तान के क्वेटा में रेलवे ट्रैक के पास बड़ा धमाका, अबतक 23 की मौत; 47 लोग घायलWHO ने इबोला को घोषित किया वैश्विक स्वास्थ्य आपातकाल, भारत ने जारी की ट्रैवल एडवाइजरीBihar News : “मटन खाने से किया इनकार… फिर युवक पर बरसी लाठी-टांगी, बिहार के इस जिले में में अजीब विवाद2 करोड़ लोग ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ से जुड़े, बोले प्रशांत किशोर..जनता की नाराजगी सरकार को समझनी चाहिएपटना के होटल में पॉलिटेक्निक छात्रा से छेड़छाड़ का प्रयास, पिता के सामने अगवा करने की कोशिश

बिहार : देखते ही देखते नदी में समा गया प्राइमरी स्कूल, तेजी से जारी है कटाव

KHAGARIA : कोसी नदी एक बार फिर अपना कहर बरपा रही है। बेलदौर प्रखंड के इतमादी पंचायत स्थित गांधीनगर में कोसी उग्र रूप से कटाव कर रही है। इसी वजह से कोसी ने प्राथमिक विद्यालय गांधीनग

बिहार : देखते ही देखते नदी में समा गया प्राइमरी स्कूल, तेजी से जारी है कटाव
Tejpratap
Tejpratap
2 मिनट

KHAGARIA : कोसी नदी एक बार फिर अपना कहर बरपा रही है। बेलदौर प्रखंड के इतमादी पंचायत स्थित गांधीनगर में कोसी उग्र रूप से कटाव कर रही है। इसी वजह से कोसी ने प्राथमिक विद्यालय गांधीनगर के पुराने भवन को पूर्ण रूप से कटाव की जद में ले लिया है। कोसी के तीव्र करंट से विद्यालय भवन क्षतिग्रस्त हो चुका है। धीरे-धीरे विद्यालय भवन नदी में समा रहा है। सबसे बड़ी बात है कि  पुराने भवन से कुछ दूर पर ही विद्यालय का नया भवन भी है, जो कभी भी कटाव की जद में आ सकता है।


दरअसल, प्राथमिक विद्यालय गांधीनगर के पुराने भवन को कोसी नदी में अपने कटाव के जद में ले लिया है ।विभाग का कहना है कि विद्यालय के नए भवन को बचाने का हरसंभव प्रयास किया जाएगा। पुराना विद्यालय भवन  कटाव की जद में आ गया था। तीन कमरे वाला भवन अब कटाव से पूरी तरह क्षतिग्रस्त होकर कोसी में समा रहा है। शुक्रवार की सुबह बाढ़ नियंत्रण प्रमंडल-दो की ओर से यहां फ्लड फाइटिंग कार्य शुरू कर दिया गया है। 


वहीं, प्राथमिक विद्यालय गांधीनगर के एचएम गोरेलाल राम ने बताया कि वित्तीय वर्ष 2004-05 में यह भवन बनाया गया था। इस बाढ़- बरसात से पूर्व विद्यालय भवन से 40 फीट की दूरी पर नदी बह रही थी। विद्यालय को बचाने के लिए कई बार विभागीय पदाधिकारी समेत बाढ़ नियंत्रण विभाग को त्राहिमाम संदेश भी भेजा गया, लेकिन परिणाम ढाक का तीन पात ही निकला। विद्यालय का आधा भाग नदी में समा चुका है। चारदीवारी भी नदी में समाता जा रहा है।