ब्रेकिंग
दीपावली पर हुड़दंग करने वालों की खैर नहीं! अवैध पटाखा बिक्री से लेकर असामाजिक गतिविधियों तक पर रहेगी नजर✦IRCTC News : ट्रेन में खाना ऑर्डर करने से पहले सावधान! IRCTC ने जारी की 13 वेबसाइटों की लिस्ट, कहीं ऑनलाइन ठगी के शिकार न हो जाएं आप ...✦Bihar Recruitment Scam : बिहार विधान परिषद की 125 से ज्यादा नियुक्तियों पर बवाल! ब्लैकलिस्टेड एजेंसी ने कराई थी परीक्षा, अब नौकरी पर लटकी तलवार✦Bihar News : बिहार STET अभ्यर्थियों के लिए बड़ी खबर! 11 नवंबर का एग्जाम टला, अब इस तारीख को होगी परीक्षा✦Bihar News : बिहार में दिवाली के दिन तक नहीं मिली सरकारी कर्मचारियों को सैलरी, मुख्य सचिव के आदेश के बावजूद अटका वेतन✦दीपावली पर हुड़दंग करने वालों की खैर नहीं! अवैध पटाखा बिक्री से लेकर असामाजिक गतिविधियों तक पर रहेगी नजर✦IRCTC News : ट्रेन में खाना ऑर्डर करने से पहले सावधान! IRCTC ने जारी की 13 वेबसाइटों की लिस्ट, कहीं ऑनलाइन ठगी के शिकार न हो जाएं आप ...✦Bihar Recruitment Scam : बिहार विधान परिषद की 125 से ज्यादा नियुक्तियों पर बवाल! ब्लैकलिस्टेड एजेंसी ने कराई थी परीक्षा, अब नौकरी पर लटकी तलवार✦Bihar News : बिहार STET अभ्यर्थियों के लिए बड़ी खबर! 11 नवंबर का एग्जाम टला, अब इस तारीख को होगी परीक्षा✦Bihar News : बिहार में दिवाली के दिन तक नहीं मिली सरकारी कर्मचारियों को सैलरी, मुख्य सचिव के आदेश के बावजूद अटका वेतन

Bihar News: मछुआरों के जाल में फंसा दुर्लभ प्रजाति का घड़ियाल, वन विभाग की टीम भी देखकर रह गई दंग

Bihar News: बिहार के खगड़िया जिले के परबत्ता प्रखंड के माधवपुर पंचायत स्थित विष्णुपुर गांव के पास गंगा की उपधारा में एक दुर्लभ और विलुप्तप्राय प्रजाति का घड़ियाल का नन्हा बच्चा मछुआरों के जाल में फंस गया।

Bihar News
बिहार न्यूज
© GOOGLE
PRIYA DWIVEDI
2 मिनट

Bihar News: बिहार के खगड़िया जिले के परबत्ता प्रखंड के माधवपुर पंचायत स्थित विष्णुपुर गांव के पास गंगा की उपधारा में एक दुर्लभ और विलुप्तप्राय प्रजाति का घड़ियाल का नन्हा बच्चा मछुआरों के जाल में फंस गया। यह घटना शुक्रवार सुबह की है, जब स्थानीय मछुआरा बृजेश कुमार सहनी अपनी रोज़ की तरह मछली पकड़ने के लिए डाला गया जाल निकालने गया। जाल खींचने पर उसने देखा कि उसमें मछलियों के बजाय एक छोटा घड़ियाल फंसा हुआ है।


मछुआरे ने घबराने के बजाय सूझबूझ दिखाई और घड़ियाल के बच्चे को किसी प्रकार की चोट पहुंचाए बिना सुरक्षित तरीके से जाल से बाहर निकाल लिया। इसके बाद उसने तुरंत इस घटना की जानकारी वन विभाग को दी। सूचना मिलने पर वन विभाग की टीम मौके पर पहुँची और घड़ियाल के बच्चे को अपने संरक्षण में ले लिया।


स्थानीय ग्रामीणों ने मछुआरे के इस कदम की खूब सराहना की और कहा कि यदि लोग इसी तरह जागरूक रहें तो गंगा जैसी नदियों में पाई जाने वाली विलुप्तप्राय प्रजातियों को संरक्षित किया जा सकता है। वन विभाग के अधिकारियों ने भी बृजेश कुमार सहनी के जागरूक व्यवहार की प्रशंसा करते हुए कहा कि यह कदम पर्यावरण संरक्षण और वन्यजीवों की रक्षा के लिए एक मिसाल है।


गंगा नदी का पारिस्थितिक तंत्र कई दुर्लभ प्रजातियों का घर है, जिसमें घड़ियाल, डॉल्फिन और कई प्रकार की मछलियां शामिल हैं। लेकिन अंधाधुंध शिकार, प्रदूषण और अवैध गतिविधियों के कारण इनकी संख्या तेजी से घट रही है। ऐसे में यह घटना न सिर्फ अनोखी है बल्कि एक महत्वपूर्ण संदेश भी देती है कि समाज के सहयोग और जागरूकता से वन्यजीव संरक्षण को सफल बनाया जा सकता है।

खगड़िया से अनिश कुमार की रिपोर्ट