ब्रेकिंग
बिहार कैबिनेट विस्तार: कौन हैं डॉ. श्वेता गुप्ता? जो पहली बार बनने जा रही हैं मंत्री, कई नए चेहरों को मौकाकैबिनेट विस्तार से पहले बजरंगबली के दरबार में शाह-सम्राट: पटना के राजवंशी नगर हनुमान मंदिर में की पूजा-अर्चनाबिहार में AI मिशन को मंजूरी: माननीय से अधिकारी तक पढ़ेंगे AI का पाठ, कैबिनेट के 20 फैसलेबिहार कैबिनेट विस्तार से पहले हलचल तेज: अमित शाह और नितिन नबीन पटना पहुंचे, मंत्रियों की लिस्ट होगी फाइनलसीवान में दिनदहाड़े ज्वेलरी शॉप से 20 लाख की लूट, तेजस्वी यादव ने सम्राट चौधरी पर साधा निशानाबिहार कैबिनेट विस्तार: कौन हैं डॉ. श्वेता गुप्ता? जो पहली बार बनने जा रही हैं मंत्री, कई नए चेहरों को मौकाकैबिनेट विस्तार से पहले बजरंगबली के दरबार में शाह-सम्राट: पटना के राजवंशी नगर हनुमान मंदिर में की पूजा-अर्चनाबिहार में AI मिशन को मंजूरी: माननीय से अधिकारी तक पढ़ेंगे AI का पाठ, कैबिनेट के 20 फैसलेबिहार कैबिनेट विस्तार से पहले हलचल तेज: अमित शाह और नितिन नबीन पटना पहुंचे, मंत्रियों की लिस्ट होगी फाइनलसीवान में दिनदहाड़े ज्वेलरी शॉप से 20 लाख की लूट, तेजस्वी यादव ने सम्राट चौधरी पर साधा निशाना

Bihar News: सरकारी योजना में फर्जीवाड़ा पड़ा भारी, BDO और आवास सहायक के खिलाफ केस दर्ज करने का आदेश

KAIMUR: बिहार के कैमूर में सरकारी योजनाओं में फर्जीवाडा के मामले लगातार सामने आ रहे हैं। ताजा मामला कैमूर के मोहनिया प्रखंड के कटरा कला पंचायत का है। जहां आवास योजना(pm aawas

Bihar News: सरकारी योजना में फर्जीवाड़ा पड़ा भारी, BDO और आवास सहायक के खिलाफ केस दर्ज करने का आदेश
Mukesh Srivastava
3 मिनट

KAIMUR: बिहार के कैमूर में सरकारी योजनाओं में फर्जीवाडा के मामले लगातार सामने आ रहे हैं। ताजा मामला कैमूर के मोहनिया प्रखंड के कटरा कला पंचायत का है। जहां आवास योजना(pm aawas yojana) के नाम पर फर्जी तरीके से लाभ दे दिया गया है। जिसको लेकर कटराकला पंचायत के मुखिया ने बीडीओ(bdo) से इसकी शिकायत की लेकिन कोई कार्रवाई नहीं की घई। फिर मामला लोक शिकायत निवारण पदाधिकारी के पास पहुंचा। जहां उन्होंने सुनवाई कर मामला को सही पाया और आदेश देते हुए मोहनिया के प्रखंड विकास पदाधिकारी, आवास सहायक और लाभुक पर केस दर्ज कर राशि रिकवरी करने का आदेश दे दिया है।


दरअसल, कटराकला पंचायत के मुखिया कमलेश तिवारी ने बताया कि पंचायत के आवास सहायक प्रवीण कुमार ने बिना सूचना के आम सभा के रजिस्टर पर पहले कुछ और बाद में कुछ लिखकर बिना मुखिया को सूचना दिए ही आवास वितरण कर दिया। जिसका शादी नहीं हुआ उसको भी शादीशुदा दिखा कर आवास दे दिया गया। जिसकी शिकायत मुखिया ने बीडीओ से की थी लेकिन बीडीओ ने इसपर कोई एक्शन नहीं लिया।


जिसके बाद मुखिया और अन्य जनप्रतिनिधियों ने लोक शिकायत निवारण पदाधिकारी के यहां केस किया। जिसपर सुनवाई करते हुए आवास सहायक के खिलाफ बीडीओ द्वारा कार्रवाई की गई है। फिर डीडीसी को शिकायत किया तो उन्होंने केस दर्ज कराने की बात कही है। इसमें फर्जी तरीके से 90 हजार रुपए उसके खाते में डालकर आवास सहायक द्वारा पैसा ले लिया गया है।


मोहनिया बीडीओ ने बताया 2024 में पांच आवास का लाभ उस पंचायत में दिया गया था। जिसमें प्रदीप कुमार साह शामिल है। उन्होंने अपना घर भी बना दिया। बाद में मुखिया ने शिकायत की कि जिसको पत्नी बनाकर उन्होंने आवास लिया है उनकी शादी उनके साथ नहीं हुई है। जांच के दौरान पता चला कि शादी होने वाली थी बाद में किसी कारणवश टूट गई। राशि वसूली के लिए नोटिस किया गया है। लोक शिकायत निवारण द्वारा भी केस दर्ज करने के लिए बोला गया है, जिसमें प्रखंड विकास पदाधिकारी मोहनिया, आवास सहायक और लाभुक का नाम शामिल है।

रिपोर्टिंग
R

रिपोर्टर

Ranjan Kumar

FirstBihar संवाददाता

संबंधित खबरें