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जमुई में मज़दूर के खाते में आए खरबों रुपये, बैंक ने खाता किया फ्रीज

बिहार के जमुई में एक मजदूर टेनी मांझी के खाते में अचानक खरबों रुपये आने से हड़कंप मच गया। बैंक ने खाता फ्रीज कर दिया है। ईमानदार मज़दूर ने कहा, “पैसा किसी और का है, मुझे सिर्फ प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ चाहिए।”

Bihar
ईमानदारी की मिसाल
© SOCIAL MEDIA
Jitendra Vidyarthi
2 मिनट

JAMUI: जमुई सदर थाना क्षेत्र के अचहरी गांव से एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। जहां जयपुर में मजदूरी कर अपना और अपने परिवार का भरण पोषण  करने वाले एक मज़दूर टेनी मांझी के बैंक अकाउंट में अचानक खरबों रुपये क्रेडिट हो गया। जिसके बाद बैंक ने खाते को फ्रीज कर दिया, जिससे अब कोई लेन-देन संबंधित खाते से संभव नहीं है। यह खबर पूरे इलाके में चर्चा का विषय बनी हुई है। इस बात की जानकारी मिलने के बाद लोगों की भारी भीड़ टेनी मांझी के घर पर जुट गई।


टेनी मांझी के पिता कालेश्वर मांझी ने बताया कि उनका बेटा पहले मुंबई में मजदूरी करता था और उसी दौरान कोटक महिंद्रा बैंक में खाता खुलवाया था। वर्तमान में वह जयपुर में रहकर पलंबरी का काम करता है। कालेश्वर मांझी ने बताया कि तीन दिन पहले तबीयत खराब होने के कारण उन्होंने बेटे से इलाज के लिए पैसे मांगे थे, लेकिन जब पैसा नहीं आया तो खाते की जांच की गई। तभी यह चौंकाने वाली जानकारी मिली कि खाते में खरबों रुपये जमा हो गए हैं।


हालांकि खाते में भारी-भरकम रकम आते ही बैंक ने सुरक्षा कारणों से खाते को होल्ड कर दिया है। कालेश्वर मांझी का कहना है कि उन्हें इस पैसे से कोई लेना-देना नहीं है। उन्होंने साफ कहा— “पैसा जिनका भी है, उन्हें वापस मिल जाए, लेकिन मुझे प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ जरूर मिलना चाहिए, जो आज तक मुझे नहीं मिला है।”


मज़दूर टेनी मांझी के छह बच्चे हैं और उनके पिता कालेश्वर मांझी के भी छह बच्चे हैं। पूरे परिवार का भरण-पोषण टेनी मांझी अपनी मजदूरी से ही करते हैं। इस मामले के सामने आने  के बाद गांव में तरह-तरह की चर्चाएं हो रही हैं और लोग इसे “ईमानदारी की मिसाल” करार दे रहे है।

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रिपोर्टर

Dhiraj Kumar Singh

FirstBihar संवाददाता