BIHAR NEWS : बिहार के मधेपुरा से एक बड़ी खबर निकल कर सामने आई है। यहां मधेपुरा में पान की दुकान पर गुटखा बकाया के लेन-देन को लेकर शुरू हुआ मामूली विवाद इतना बढ़ा कि दो पक्षों के सैकड़ों लोग आमने-सामने आ गए। इसके बाद विवाद को सुलझाने गई पुलिस टीम पर भी फायरिंग करने का मामला निकल कर सामने आ रहा है। इसके बाद अब इस मामले में पुलिस ने सैड़कों लोगों पर मुक़दमा दर्ज किया है।
जानकारी के अनुसार, अभिया टोला में पान दुकान पर रुपए के लेनदेन को लेकर दुकानदार और ग्राहक के बीच विवाद होने लगा। पता चला कि गुटखा के उधार को लेकर विवाद बढ़ने के बाद मारपीट की नौबत आ गई। इसके बाद दोनों पक्षों की ओर से लोग जुट गए और मारपीट, पथराव शुरू हो गया। इसके बाद कुछ लोगों ने इस मामले की जानकारी चौसा थानाध्यक्ष को दी।
वहीं, सुचना मिलने के बाद चौसा थानाध्यक्ष अमित कुमार राय पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। इसके बाद उपद्रवियों ने पुलिस वाहन पर भी पथराव शुरू कर दिया। इसके बाद मामला गंभीर होता है देख खुद एसपी संदीप सिंह, एएसपी, एसडीएम व कई थानों की पुलिस मौके पर पहुंची। तब जाकर हालात काबू में आए। इस घटना में जख्मी लोगों का सीएचसी में इलाज कराया गया।
इधर, इस पुरे घटनाक्रम को लेकर संदीप सिंह ने बताया कि दोनों पक्षों के दो दर्जन लोगों को गिरफ्तार किया गया है। स्थिति पूरी तरह सामान्य है। यहां चौसा के अभिया टोला बसेठा में दो पक्षों में जमकर मारपीट और पथराव होने लगा। इसमें 24 लोग जख्मी हो गए। घायलों में 9 पुलिस वाले शामिल हैं जिनमें 6 अफसर हैं। पुलिस ने 54 नामजद समेत 104 के खिलाफ एफआईआर दर्ज किया है।एसपी संदीप सिंह ने बताया है कि दोनों पक्षों के 24 उपद्रवियों की गिरफ्तारी की गयी है। 2016 में भी यहां सांप्रदायिक दंगा हुआ था।
शनिवार को भी चौसा थाना में क्रॉसफायर की जानकारी मिल रही है। विवाद रोकने पहुंची पुलिस पर भी पथराव किया गया जिसमें पुलिसकर्मी घायल हो गए। इनमें छह एसआई और तीन जवान शामिल हैं। उपद्रवियों ने चौसा थाना के वाहन को भी तोड़ डाला। विवाद बढ़ता देख 24 उपद्रवियों को गिरफ्तार कर लिया। चौसा थानाध्यक्ष के आवेदन पर पुलिस से मारपीट, वाहन क्षतिग्रस्त करने व सरकारी कामकाज में बाधा डालने के आरोप में 54 नामजद व 50 अज्ञात के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है।






