ब्रेकिंग
कलंक कथा: भ्रष्ट DSP ने महिला मित्र के नाम पर 2025 में सिलीगुड़ी में खरीदा मकान, EOU ने आज ली तलाशी.....तेज प्रताप का बड़ा बयान: बिहार में फेल है शराबबंदी, इसलिए इस्तीफा देकर नीतीश कुमार जा रहे दिल्ली Bihar Bhumi: बिहार में टोपोलैंड का भी होगा सर्वेक्षण, डिप्टी सीएम विजय सिन्हा ने बुलाई अहम बैठक; जिलों से मांगी रिपोर्टबिहार के एक 'थानेदार' को 3 सजा की सजा...25 हजार का जुर्माना, 6 हजार रू घूस लेते निगरानी ब्यूरो ने किया था गिरफ्तार पटना में एक और 'फ्लाईओवर'...पटना सिटी तक का सफर होगा आसान, बदलेगा राजधानी का ट्रैफिक सिस्टमकलंक कथा: भ्रष्ट DSP ने महिला मित्र के नाम पर 2025 में सिलीगुड़ी में खरीदा मकान, EOU ने आज ली तलाशी.....तेज प्रताप का बड़ा बयान: बिहार में फेल है शराबबंदी, इसलिए इस्तीफा देकर नीतीश कुमार जा रहे दिल्ली Bihar Bhumi: बिहार में टोपोलैंड का भी होगा सर्वेक्षण, डिप्टी सीएम विजय सिन्हा ने बुलाई अहम बैठक; जिलों से मांगी रिपोर्टबिहार के एक 'थानेदार' को 3 सजा की सजा...25 हजार का जुर्माना, 6 हजार रू घूस लेते निगरानी ब्यूरो ने किया था गिरफ्तार पटना में एक और 'फ्लाईओवर'...पटना सिटी तक का सफर होगा आसान, बदलेगा राजधानी का ट्रैफिक सिस्टम

Driving License: ड्राइविंग लाइसेंस लेने का बदला नियम, अब यह काम काम को पूरा करने पर ही मिलेगा डीएल

Driving License : बिहार में अब ड्राइविंग लाइसेंस पाने के लिए काफी मशक्कत करनी होगी। मार्च से बिहार के सभी जिलों में ड्राइविंग लाइसेंस पाने के लिए टेस्टिंग ट्रैक पर टेस्ट देना होगा। अभी पटना और औरंगाबाद में यह सुविधा लागू है।

 Driving License :
Driving License :
© Driving License :
Tejpratap
Tejpratap
3 मिनट
Driving License : बिहार में अब ड्राइविंग लाइसेंस पाने के लिए काफी मशक्कत करनी होगी। मार्च से बिहार के सभी जिलों में ड्राइविंग लाइसेंस पाने के लिए टेस्टिंग ट्रैक पर टेस्ट देना होगा। वर्तमान में यह सुविधा सिर्फ पटना और औरंगाबाद में यह सुविधा लागू है। लेकिन जल्द ही इसे बाकी के भी जिलों में शुरू कर दिया जाएगा। इसको लेकर तैयारी कर ली गई है। 


दरअसल, राज्य के 36 जिलों में ट्रैक बनना है जिनमें 26 जिलों में ट्रैक लगभग बनकर तैयार है। शेष 10 जिलों में योजना पर काम हो रहा है। इन जिलों में निर्माण कार्य तेज करने के लिए राशि उपलब्ध करा दी गयी है। इन जिलों में मार्च तक काम पूरा करने का लक्ष्य दिया गया है। इस बात की जानकारी खुद परिवहन विभाग के तरफ से दी गई है। 


मालूम हो कि टेस्टिंग ट्रैक बनने के बाद ड्राइविंग लाइसेंस बनाने में पारदर्शिता आएगी। सभी आवेदकों को आनलाइन और फिर सीसी टीवी कैमरा की निगरानी में टेस्ट देना पड़ेगा। जिन्हें यातायात नियमों की जानकारी के साथ ही गाड़ी चलाना आता होगा, वहीं ड्राइविंग लाइसेंस बनवा सकेंगे।इससे पहले यह देखने को मिल रहा था कि जिन जिलों में अभी यह व्यवस्था नहीं है, वहां एजेंट की मदद से बिना टेस्ट के लिए ही लाइसेंस बनाए जा रहे हैं। इसके कारण टेस्टिंग ट्रैक का निर्माण तेजी से पूरा करने को कहा गया है।


आपको बता दें कि, टेस्ट के पहले चरण में, आपको अपने वाहन की जांच करनी होगी। इसमें हेडलाइट, टेललाइट, ब्रेक लाइट, और टायर की जांच शामिल है। इसके बाद, आपको ड्राइविंग टेस्ट देना होगा। इसमें आपको विभिन्न सड़क परिस्थितियों में ड्राइविंग करनी होगी, जैसे कि सीधी सड़क, मोड़, और ट्रैफिक सिग्नल। टेस्ट के दौरान, आपको यातायात नियमों का पालन करना होगा, जैसे कि स्पीड लिमिट, ट्रैफिक सिग्नल, और पेडेस्ट्रियन क्रॉसिंग। आपको अपने वाहन को नियंत्रित करने की क्षमता दिखानी होगी, जैसे कि ब्रेक लगाना, एक्सीलरेटर दबाना, और स्टीयरिंग करना।  टेस्ट के दौरान, आपको सुरक्षा उपायों का पालन करना होगा, जैसे कि सीटबेल्ट पहनना और मोबाइल फोन का उपयोग न करना।

इस खबर के बारे में
Tejpratap

रिपोर्टर / लेखक

Tejpratap

FirstBihar न्यूज़ डेस्क

संबंधित खबरें