ब्रेकिंग
तेज प्रताप का बड़ा बयान: बिहार में फेल है शराबबंदी, इसलिए इस्तीफा देकर नीतीश कुमार जा रहे दिल्ली Bihar Bhumi: बिहार में टोपोलैंड का भी होगा सर्वेक्षण, डिप्टी सीएम विजय सिन्हा ने बुलाई अहम बैठक; जिलों से मांगी रिपोर्टबिहार के एक 'थानेदार' को 3 सजा की सजा...25 हजार का जुर्माना, 6 हजार रू घूस लेते निगरानी ब्यूरो ने किया था गिरफ्तार पटना में एक और 'फ्लाईओवर'...पटना सिटी तक का सफर होगा आसान, बदलेगा राजधानी का ट्रैफिक सिस्टमबिहार दौरे पर जल्द निकलेंगे तेज प्रताप यादव, छोटे भाई को दिया यह आशीर्वाद तेज प्रताप का बड़ा बयान: बिहार में फेल है शराबबंदी, इसलिए इस्तीफा देकर नीतीश कुमार जा रहे दिल्ली Bihar Bhumi: बिहार में टोपोलैंड का भी होगा सर्वेक्षण, डिप्टी सीएम विजय सिन्हा ने बुलाई अहम बैठक; जिलों से मांगी रिपोर्टबिहार के एक 'थानेदार' को 3 सजा की सजा...25 हजार का जुर्माना, 6 हजार रू घूस लेते निगरानी ब्यूरो ने किया था गिरफ्तार पटना में एक और 'फ्लाईओवर'...पटना सिटी तक का सफर होगा आसान, बदलेगा राजधानी का ट्रैफिक सिस्टमबिहार दौरे पर जल्द निकलेंगे तेज प्रताप यादव, छोटे भाई को दिया यह आशीर्वाद

कटिहार की ये तस्वीर बयां कर रही हकीकत, डिप्टी सीएम के गृह जिला में ठेले पर हेल्थ सिस्टम

KATIHAR : बिहार में खासकर सुदूर इलाके के लोगों को किसी भी हालत में जरूरत होने पर प्रखंड से लेकर जिला अस्पताल तक आसानी से पहुंचाने के लिए एंबुलेंस व्यवस्था पूरी तरह चुस्त दुरुस

कटिहार की ये तस्वीर बयां कर रही हकीकत, डिप्टी सीएम के गृह जिला में ठेले पर हेल्थ सिस्टम
First Bihar
2 मिनट

KATIHAR : बिहार में खासकर सुदूर इलाके के लोगों को किसी भी हालत में जरूरत होने पर प्रखंड से लेकर जिला अस्पताल तक आसानी से पहुंचाने के लिए एंबुलेंस व्यवस्था पूरी तरह चुस्त दुरुस्त होने का दावा किया जाता है, मगर कटिहार की ये तस्वीर इस दावे की हकीकत बयां करने के लिए काफी है. जी हाँ! यहां ठेला गाड़ी पर सबसे जरूरी एंबुलेंस सेवा जारी है.


दरअसल, अमदाबाद प्रखंड के स्वास्थ्य केंद्र के दोनों एम्बुलेंस पिछले कई महीनों से सफेद हाथी बना हुआ है. खराब एंबुलेंस ठप होने के कारण लोगों को इलाज के लिए मरीजों को अस्पताल तक लाने के लिए ठेला गाड़ी का इस्तेमाल करना पड़ता है. तस्वीरों में भी आप देख सकते हैं एक प्रसव पीड़िता को उसके परिजन एंबुलेंस सुविधा उपलब्ध नहीं रहने के कारण किस तरह ठेला गाड़ी से अस्पताल तक लाने के लिए विवश हैं. 


बताते चलें अमदाबाद प्रखंड की आबादी लगभग दो लाख है. ऐसे में स्वास्थ्य विभाग द्वारा दो एंबुलेंस तो दिया गया है लेकिन दोनों ही खराब पड़ा हुआ है. ऐसे में अब स्वास्थ्य विभाग के सबसे जरूरी एंबुलेंस सेवा ठेला पर ही है. 


महिला के प्रसव कराने आए परिजनों ने कहा कि वह लोग रायपुर से अमदाबाद स्वास्थ्य केंद्र तक ठेला पर ही पहुंचे हैं. आखिर करें भी तो क्या करें. एम्बुलेंस सेवा पिछले कई महीनों से ठप है. 


पूरे मामले पर जिलाधिकारी ने कहा कि लगातार जिले में एंबुलेंस सुविधा दुरुस्त किया जा रहा है. पिछले दिनों कटिहार स्वास्थ्य विभाग को दो बाइक एंबुलेंस प्राप्त हुआ है और जल्दी और 8 मिलने वाला है. इसके अलावा भी और कई एंबुलेंस जल्द ही जिले के सुदूर इलाके तक व्यवस्थित हो जाएगा. इस लिए उम्मीद है कि आने वाले दिनों में एंबुलेंस की कमी के कारण ऐसी तस्वीरें जिला के सुदूर इलाके से भी सामने नहीं आएगी.

टैग्स
इस खबर के बारे में

रिपोर्टर / लेखक

First Bihar

FirstBihar न्यूज़ डेस्क

संबंधित खबरें