Tejashwi Yadav : बिहार विधानसभा के शीतकालीन सत्र का चौथा दिन काफी राजनीतिक घटनाओं से भरा रहा। आज सदन में राज्यपाल के अभिभाषण पर चर्चा का समय था, लेकिन विपक्षी दल के नेता तेजस्वी यादव की अनुपस्थिति ने इस चर्चा को विशेष रूप से सुर्खियों में ला दिया।
सत्र की शुरुआत होते ही स्पीकर प्रेम कुमार ने सदस्यों को राज्यपाल के अभिभाषण पर चर्चा के लिए तैयार रहने का निर्देश दिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस अभिभाषण पर विपक्षी दल के नेता तेजस्वी यादव अपना धन्यवाद प्रस्ताव रखेंगे। लेकिन जैसे ही चर्चा शुरू हुई, यह देखा गया कि तेजस्वी यादव सदन में मौजूद नहीं हैं।
स्पीकर ने सदन को सूचित किया कि विपक्षी दल के नेता उपस्थित नहीं हैं। इस बीच सत्ता पक्ष के विधायक थोड़ी चुटकी लेने लगे और चर्चाओं के दौरान मजाकिया टिप्पणी भी की। कुछ विधायकों ने कहा कि विपक्षी दल इतनी तरह से पराजित हुआ है कि अब सदन में आना ही नहीं चाहता। इस पर सदन में हल्की हंसी और चर्चा का माहौल बन गया।
विपक्षी दल के अनुपस्थित रहने के कारण धन्यवाद प्रस्ताव पर सीधी चर्चा नहीं हो सकी। हालांकि, स्पीकर ने तुरंत कार्रवाई करते हुए राजद पक्ष के विधायक कुमार सर्वजीत को सदन में 12 मिनट का वक्त दिया, ताकि वे राज्यपाल के अभिभाषण और सदन में उठ रहे मुद्दों पर अपनी बात रख सकें। कुमार सरबजीत ने इस समय का उपयोग करते हुए सरकार की उपलब्धियों और विपक्ष के सवालों का जवाब देते हुए अपने विचार साझा किए।
सदन में यह स्थिति विपक्ष और सत्ता पक्ष के बीच बढ़ती राजनीतिक खींचतान को दर्शाती है। सत्ता पक्ष के सदस्यों ने कहा कि विपक्षी दल लगातार सत्र में अनुपस्थित रहता है, जबकि राज्यपाल के अभिभाषण पर चर्चा सभी सदस्यों के लिए महत्वपूर्ण होती है। इसके बावजूद, विपक्ष की अनुपस्थिति ने चर्चा की गंभीरता को कम कर दिया।






