ब्रेकिंग
2 करोड़ रिश्वत लेते ASP का दलाल रंगे हाथ गिरफ्तार, ACB ने अधिकारी को भी पकड़ा✦वृद्ध की संदिग्ध मौत से भड़के ग्रामीण, थाने के बाहर शव रखकर किया प्रदर्शन; थानाध्यक्ष पर गंभीर आरोप✦प्रीपेड मोबाइल यूजर्स के लिए बड़ी खबर, अब 30 दिन का रिचार्ज और वॉइस-ओनली प्लान मिलेगा✦NH-122B पर खत्म होने वाला है इंतजार... 99% काम पूरा, जल्द शुरू होगा आवागमन; बेगूसराय से पटना का सफर होगा आसान✦मुजफ्फरपुर के मनियारी में दलित नाबालिग से छेड़खानी का आरोप, वार्ड सदस्य के खिलाफ थाने में शिकायत दर्ज✦2 करोड़ रिश्वत लेते ASP का दलाल रंगे हाथ गिरफ्तार, ACB ने अधिकारी को भी पकड़ा✦वृद्ध की संदिग्ध मौत से भड़के ग्रामीण, थाने के बाहर शव रखकर किया प्रदर्शन; थानाध्यक्ष पर गंभीर आरोप✦प्रीपेड मोबाइल यूजर्स के लिए बड़ी खबर, अब 30 दिन का रिचार्ज और वॉइस-ओनली प्लान मिलेगा✦NH-122B पर खत्म होने वाला है इंतजार... 99% काम पूरा, जल्द शुरू होगा आवागमन; बेगूसराय से पटना का सफर होगा आसान✦मुजफ्फरपुर के मनियारी में दलित नाबालिग से छेड़खानी का आरोप, वार्ड सदस्य के खिलाफ थाने में शिकायत दर्ज

Bihar News: लाखों का बिल बकाया, फिर भी चालू कर दी बिजली; मामला CM तक पहुंचा

Bihar News: मुजफ्फरपुर में 2.78 लाख रुपये बकाया होने के बावजूद जेई पर रिश्वत लेकर बिजली लाइन चालू करने का आरोप लगा है। मुख्यमंत्री को शिकायत के बाद उच्चस्तरीय जांच शुरू।

Bihar News
प्रतीकात्मक
© Google
Deepak Kumar
Deepak Kumar
3 मिनट

Bihar News: बिहार के मुजफ्फरपुर जिले में स्मार्ट मीटर से जुड़ा एक बड़ा घोटाला सामने आया है, जहां अघोरिया बाजार सेक्शन के एक जूनियर इंजीनियर पर 2.78 लाख रुपये के बकाया बिल वाले उपभोक्ता की बिजली लाइन रिश्वत लेकर चालू करने का आरोप लगा है। शिकायतकर्ता राजेश कुमार ने बताया कि उपभोक्ता शेखर कुमार (कंज्यूमर आईडी: 11810006648) ने केवल 20 हजार रुपये जमा किए और नया स्मार्ट मीटर लगवाकर बिजली कनेक्शन को चालू करा लिया। यह मामला 30 मई 2025 के आसपास का है। जिसके बाद शिकायत विद्युत अधीक्षण अभियंता से लेकर मुख्यमंत्री तक पहुंची और अब उच्चस्तरीय जांच के आदेश दिए गए हैं।


शिकायत के अनुसार, उपभोक्ता का बकाया 2021 से जमा था और बिजली कनेक्शन पहले ही बकाया न चुकाने के कारण काट दिया गया था। इसके बावजूद जेई ने कथित तौर पर नजराना लेकर बिना पूरा बकाया वसूल किए नया स्मार्ट मीटर लगाकर लाइन चालू कर दी। इस मामले को पहले स्थानीय विद्युत अधीक्षण अभियंता के सामने उठाया गया, लेकिन कार्रवाई न होने पर शिकायतकर्ता ने मुख्यमंत्री, सीएमडी, अपर मुख्य सचिव (विद्युत विभाग) और एसटीएफ को ई-मेल भेजकर कड़ी कार्रवाई की मांग की है। इसके बाद माड़ीपुर के सहायक विद्युत अभियंता जियाउल हक को जांच का जिम्मा सौंपा गया है।


इस जांच में जेई ने दावा किया कि उपभोक्ता ने सारा बकाया जमा कर दिया है, लेकिन बिल में इसका कोई रिकॉर्ड नहीं मिला। जियाउल हक ने बताया कि यह मामला उनके अवकाश के दौरान हुआ है और जेई के जवाब की सही से जांच की जा रही है। उन्होंने कहा कि नया स्मार्ट मीटर लगाया गया है, जिसमें बकाया राशि अगले महीने से किस्तों में कटेगी। अगर मीटर में बैलेंस खत्म हुआ, तो कनेक्शन स्वतः कट जाएगा। हालांकि, यह स्पष्ट नहीं है कि इतने बड़े बकाया के बावजूद कनेक्शन कैसे चालू किया गया, जिससे रिश्वत के आरोपों को बल मिल रहा है।