BIHAR ELECTION : भोजपुरी और मैथिली में मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने शुरू किया भाषण। उन्होंने कहा कि बिहार के सब मतदाता के अभिवादन करत बानी, बिहार के सभी मतदाता के अभिवादन करई छी-, जैसे हम महापर्व छठ को आस्था और उत्सव की तरह मनाते हैं, उसी तरह लोकतंत्र के महापर्व को भी मनाएं, अपना भागीदारी पक्का करीं, जिम्मेदारी निभाईं और वोट जरूर करीं।
दरअसल, बिहार विधानसभा चुनाव की तैयारियां जोर-शोर से चल रही हैं। चुनाव आयोग ने इसे लोकतंत्र का महापर्व बताते हुए मतदाताओं से अपील की है कि वे छठ पूजा की तरह ही पूरे उत्साह और श्रद्धा से मतदान करें। चुनाव आयुक्त ने कहा कि बिहार में हर मतदाता तक मतदान का संदेश पहुंचाया जा रहा है ताकि मतदान प्रतिशत को और बढ़ाया जा सके। आयोग ने स्पष्ट किया कि मतदान प्रक्रिया शांतिपूर्ण, पारदर्शी और निष्पक्ष माहौल में पूरी की जाएगी।
इसके लिए सभी जिलों के प्रशासनिक और पुलिस अधिकारियों को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं। चुनाव आयुक्त ने बताया कि बिहार में त्योहारों को ध्यान में रखते हुए चुनाव की सभी प्रक्रियाएं समय से पहले पूरी कर ली जाएंगी ताकि मतदाताओं की सुविधा बनी रहे। आयोग ने कहा कि मतदान केवल अधिकार नहीं, बल्कि लोकतंत्र की सबसे बड़ी जिम्मेदारी है, जिसे हर नागरिक को निभाना चाहिए।
इसके आगे चुनाव आयुक्त ने कहा कि बिहार में कुल 90 हजार बूथ रहेंगे। इस बार किसी भी बूथ पर 1200 से ज्यादा वोटरों का नाम नहीं रहेगा। इससे वोटिंग में सहूलियत होगी। अब हर बूथ पर बिहार चुनाव 2025 से 100 फीसदी वेबकास्टिंग की जाएगी। बिहार विधानसभा चुनाव 2025 में पहली बार बड़ी पहल, CEC ज्ञानेश कुमार ने कहा कि सुनने में आता था कि वोटर आईडी कार्ड मिलने में देरी होती थी। लेकिन अब चुनाव आयोग ने ऐसी व्यवस्था की है कि वोटर को 15 दिन के अंदर उनका वोटर आईडी कार्ड मिल जाएगा।
इसके आगे उन्होंने कहा कि 24 जून 2025 से हमने SIR शुरू कर दिया था और समय पर इसे पूरा किया, हमने काफी वर्षों के बाद बूथ लेवल अफसरों और कर्मचारियों का भत्ता बढ़ाया। ऐसे में अब हमने यह फैसला किया है कि अब BLO को भीआईकार्ड मिलेगा ताकि उन्हें पहचानने में आसानी हो। बिहार में इस बार वोटों की गिनती भी नए सिस्टम से, ईवीएम की काउंटिंग में अगर कोई भी मिसमैच होगा तो ऐसी सभी VVPAT की गिनती होगी। इसी तरह से पोस्टल बैलेट की गिनती भी ईवीएम के आखिरी दो राउंड से पहले पूरा करना अनिवार्य होगा। इसके बाद ही आखिरी दो राउंड के ईवीएम की गिनती होगी।
इधर, उन्होंने कहा है कि 17 नए तरीकों को बिहार में चुनाव आयोग ने लागू किया, राज्य देश को नई राह दिखाने जा रहा, भारत में चुनाव लोक प्रतिनिधित्व कानून के अंतर्गत है। दुनिया में भारत का चुनाव और चुनाव आयोग सबसे बड़ी व्यवस्था है। 22 साल बाद मतदाता सूची के शुद्धिकरण का काम किया, वोटर लिस्ट में अगर नाम न आ पाया हो तो डीएम के पास अपील, वहां भी गलती होने पर CEO के पास अपील, इसी तरीके से चुनाव में एक रिटर्निंग ऑफिसर को नियुक्त किया जाता है। उनका काम होता है अपने क्षेत्र में सही से चुनाव कराना।






