ब्रेकिंग
पहले कॉकरोच, अब मक्खी जनता पार्टी की एंट्री; 72 घंटे में 3.3 लाख फॉलोअर्स, 40 लाख व्यूज✦गोपालगंज से बड़ी खबर: सिलेंडर में आग लगने से 17 लोग झुलसे, गंभीर रूप से घायल दो लोगों को भेजा गया गोरखपुर✦सुपौल में 5.88 करोड़ के टेलीकॉम उपकरण चोरी का खुलासा, लखनऊ से सरगना गिरफ्तार✦बिहार पुलिस सेवा के 14 अफसरों का IPS में प्रमोशन, गृह मंत्रालय ने जारी किया नोटिफिकेशन, देखिये पूरी लिस्ट✦मोदी सरकार के मंत्री ने अचानक दिया इस्तीफा, छोड़ दी राज्यसभा की भी सदस्यता✦पहले कॉकरोच, अब मक्खी जनता पार्टी की एंट्री; 72 घंटे में 3.3 लाख फॉलोअर्स, 40 लाख व्यूज✦गोपालगंज से बड़ी खबर: सिलेंडर में आग लगने से 17 लोग झुलसे, गंभीर रूप से घायल दो लोगों को भेजा गया गोरखपुर✦सुपौल में 5.88 करोड़ के टेलीकॉम उपकरण चोरी का खुलासा, लखनऊ से सरगना गिरफ्तार✦बिहार पुलिस सेवा के 14 अफसरों का IPS में प्रमोशन, गृह मंत्रालय ने जारी किया नोटिफिकेशन, देखिये पूरी लिस्ट✦मोदी सरकार के मंत्री ने अचानक दिया इस्तीफा, छोड़ दी राज्यसभा की भी सदस्यता

बेगूसराय में 16 साल पुराने दुष्कर्म-हत्याकांड मामले में 5 दोषियों को उम्रकैद, प्रत्येक पर 50-50 हजार रुपये का भी जुर्माना

बिहार के बेगूसराय में वर्ष 2010 के किशोरी दुष्कर्म और हत्या मामले में अदालत ने पांच दोषियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। जिला एवं सत्र न्यायाधीश प्रथम संजय कुमार की अदालत ने प्रत्येक दोषी पर 50 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया।

बिहार न्यूज
ट्यूशन पढ़ने के बाद घर से निकली थी किशोरी
© सोशल मीडिया
Jitendra Vidyarthi
3 मिनट

BEGUSARAI:  बिहार के बेगूसराय जिले में दुष्कर्म और हत्या के करीब 16 साल पुराने मामले में अदालत ने पांच दोषियों को उम्रकैद की सजा सुनाई है। जिला एवं सत्र न्यायाधीश प्रथम संजय कुमार की अदालत ने चेरिया बरियारपुर थाना कांड संख्या 7/2010 की सुनवाई पूरी करने के बाद यह फैसला सुनाया। अदालत ने सभी पांच दोषियों पर 50-50 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है।


सजा पाने वालों में चेरिया बरियारपुर थाना क्षेत्र के एकम्बा गांव निवासी मोहम्मद ईशा, मोहम्मद अख्तर, मोहम्मद शकील, मोहम्मद समसे और मोहम्मद मजलिस शामिल हैं। सजा के बिंदु पर सुनवाई के बाद अदालत ने सभी को आजीवन कारावास की सजा सुनाई।


ट्यूशन के बाद निकली थी किशोरी, फिर नहीं लौटी घर


अभियोजन के अनुसार, घटना 4 फरवरी 2010 की शाम करीब 5:30 बजे की है। सूचिका की बेटी ट्यूशन पढ़ने के बाद शौच के लिए खेत की ओर गई थी। इसी दौरान उसकी मां नमाज पढ़ने चली गईं। नमाज पढ़कर घर लौटने पर जब बेटी नहीं मिली, तो उन्होंने सोचा कि वह आसपास कहीं गई होगी। इसी उम्मीद में वह रात में सो गईं।


अगली सुबह जब बेटी घर नहीं लौटी, तो उसकी तलाश की गई। बाद में एक खेत में किशोरी का शव अर्धनग्न अवस्था में मिला। इस घटना के बाद इलाके में सनसनी फैल गई थी और मामले में प्राथमिकी दर्ज कराई गई थी।


प्राथमिकी में नाम नहीं, अनुसंधान में सामने आई संलिप्तता


मामले की खास बात यह रही कि सूचिका ने प्राथमिकी में किसी भी आरोपित का नाम नहीं दर्ज कराया था। हालांकि, पुलिस अनुसंधान के दौरान पांचों आरोपितों की संलिप्तता सामने आई। इसके बाद मामले की न्यायिक प्रक्रिया आगे बढ़ी और अदालत में सुनवाई हुई।


14 गवाहों की गवाही के बाद सुनाया फैसला


अभियोजन पक्ष की ओर से अपर लोक अभियोजक बहोर दास ने मामले में कुल 14 गवाहों की गवाही कराई। सुनवाई के दौरान प्रस्तुत साक्ष्यों और गवाहों के बयानों के आधार पर अदालत ने पांचों आरोपितों को दोषी करार दिया। इसके बाद सजा के बिंदु पर सुनवाई करते हुए सभी को उम्रकैद और प्रत्येक पर 50 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई।


करीब 16 साल पुराने इस मामले में अदालत के फैसले से दुष्कर्म और हत्या जैसे गंभीर अपराध में न्यायिक कार्रवाई का महत्वपूर्ण पड़ाव पूरा हुआ है।

रिपोर्टिंग
H

रिपोर्टर

HARERAM DAS

FirstBihar संवाददाता