ARRAH: भोजपुर जिले के बड़हरा विधानसभा सीट से निर्दलीय उम्मीदवार विश्वनाथ सिंह का नामांकन पत्र रद्द होने के बाद को राजनीतिक सरगर्मी तेज हो गई। नामांकन रद्द होने से आक्रोशित विश्वनाथ सिंह जिला अनुमंडल कार्यालय के समक्ष धरना पर बैठ गए। करीब एक घंटे तक शांतिपूर्ण धरना देने के बाद प्रशासन को इसकी जानकारी मिली, जिसके बाद पुलिस ने मौके पर पहुंचकर उन्हें हिरासत में लेकर नवादा थाना भेज दिया।
धरना के दौरान विश्वनाथ सिंह ने कहा कि उनका सारा कागजात पूरी तरह से सही था, फिर भी उनका नामांकन रद्द कर दिया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि यह सब राजनीतिक दबाव और प्रभाव में आकर किया गया है। उन्होंने कहा यह लोकतंत्र की हत्या है। मेरे साथ अन्याय हुआ है। मैं बिहार के मुख्य चुनाव आयुक्त और उपचुनाव आयुक्त से मांग करता हूं कि मेरे नामांकन पत्र की निष्पक्ष जांच की जाए।
विश्वनाथ सिंह ने बताया कि वे सुबह से ही निर्वाचन कार्यालय में मौजूद थे, लेकिन शाम तीन बजे के बाद उन्हें बताया गया कि उनका नामांकन रद्द कर दिया गया है। इससे नाराज होकर उन्होंने विरोध किया। साथ ही आमरण अनशन पर बैठ गए। जिसके बाद पुलिस विश्वनाथ सिंह को अपने साथ हिरासत में नवादा थाना ले गई। वहीं विश्वनाथ सिंह के समर्थक भी अनुमंडल कार्यालय पहुंचे थे।





