ब्रेकिंग
बिहार के 6 विश्वविद्यालयों में नीतिगत फैसलों पर रोक, नियुक्ति और तबादले के लिए राज्यपाल से लेनी होगी अनुमति✦Bihar MLC चुनाव: पटना शिक्षक क्षेत्र में पहली वरीयता के वोट की काउंटिंग खत्म, अभी भी हो सकता है बड़ा उलटफेर, जानिये कब तक आयेगा रिजल्ट?✦तिरहुत स्नातक MLC चुनाव: पहले राउंड में बंशीधर ब्रजवासी 1,000 वोटों से आगे, JDU के अभिषेक झा दूसरे नंबर पर✦रेलवे में स्टेशन मास्टर के 1,265 पदों पर भर्ती, ग्रेजुएट 25 नवंबर तक कर सकेंगे आवेदन✦भरत तिवारी हत्याकांड की जांच का मामला पहुंचा गृह विभाग, सांसद सुधाकर सिंह के पत्र पर कार्रवाई के निर्देश✦ बिहार के 6 विश्वविद्यालयों में नीतिगत फैसलों पर रोक, नियुक्ति और तबादले के लिए राज्यपाल से लेनी होगी अनुमति✦Bihar MLC चुनाव: पटना शिक्षक क्षेत्र में पहली वरीयता के वोट की काउंटिंग खत्म, अभी भी हो सकता है बड़ा उलटफेर, जानिये कब तक आयेगा रिजल्ट?✦तिरहुत स्नातक MLC चुनाव: पहले राउंड में बंशीधर ब्रजवासी 1,000 वोटों से आगे, JDU के अभिषेक झा दूसरे नंबर पर✦रेलवे में स्टेशन मास्टर के 1,265 पदों पर भर्ती, ग्रेजुएट 25 नवंबर तक कर सकेंगे आवेदन✦भरत तिवारी हत्याकांड की जांच का मामला पहुंचा गृह विभाग, सांसद सुधाकर सिंह के पत्र पर कार्रवाई के निर्देश

Bihar railway news: बिहार के इन जिलों के रेल यात्रियों को बड़ी राहत, इस स्टेशन को मिला जंक्शन का दर्जा; अब डायरेक्ट पटना

Bihar railway news: बिहार में बैजनाथपुर-अन्दौली-न्यू झाझा बाईपास रेललाइन चालू, कोसी और मिथिलांचल क्षेत्र के यात्रियों को सीधे दरभंगा और पटना तक बिना इंजन बदलें यात्रा की सुविधा, समय की बचत और ट्रेनों का बेहतर संचालन सुनिश्चित।

Bihar railway news:
प्रतिकात्मक
© Google
Mukesh Srivastava
2 मिनट

Bihar railway news: बिहार के कोसी और मिथिलांचल क्षेत्र के रेल यात्रियों के लिए बड़ी खुशखबरी है। बैजनाथपुर-अन्दौली-न्यू झाझा बाईपास रेललाइन चालू होने से अब ट्रेनों को रास्ते में इंजन बदलने की जरूरत नहीं होगी। इससे सुपौल, सहरसा, दरभंगा, निर्मली और फारबिसगंज के यात्रियों को सीधे दरभंगा और पटना तक बिना किसी तकनीकी रुकावट के यात्रा करने की सुविधा मिलेगी।


शुक्रवार को इस नई रेललाइन का निरीक्षण सीआरएस (कमिश्नर ऑफ रेलवे सेफ्टी) द्वारा किया गया। निरीक्षण सफल होने के बाद उम्मीद है कि जनवरी के अंतिम या फरवरी के पहले सप्ताह से इस रूट पर नियमित ट्रेन परिचालन शुरू हो जाएगा।


इस नई लाइन के शुरू होने से सहरसा से दरभंगा के बीच ट्रेनों का सफर करीब 30-40 मिनट तक कम हो जाएगा। इससे यात्रियों को समय की बचत होगी और ट्रेनों की समयपालन क्षमता भी बेहतर होगी। साथ ही, बैजनाथपुर-अन्दौली और न्यू झाझा को अब हॉल्ट की बजाय जंक्शन का दर्जा दिया गया है, जिससे अधिक ट्रेनों का ठहराव होगा और आसपास के ग्रामीण और कस्बाई इलाके के लोगों को सुविधा मिलेगी।


नई रेललाइन से इलेक्ट्रिक इंजन वाली ट्रेनों को सीधे गुजरने की सुविधा भी मिलेगी, जिससे बार-बार इंजन बदलने की परेशानी समाप्त होगी। इस कनेक्टिविटी से कोसी और मिथिलांचल क्षेत्र आपस में और मजबूत तरीके से जुड़ेंगे। व्यापारियों, छात्रों, मरीजों और नौकरीपेशा लोगों को इसका सीधा लाभ मिलेगा। कारोबारियों का कहना है कि इससे माल ढुलाई आसान और तेज होगी, जिससे क्षेत्र के आर्थिक विकास को नई गति मिलेगी।

रिपोर्टिंग
F

रिपोर्टर

FIRST BIHAR

FirstBihar संवाददाता