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अधिकारियों को देना होगा अब काम का हिसाब, प्रधान सचिव और सचिव का लेखा जोखा सीएम देखेंगे

PATNA : प्रदेश में सरकार के पदाधिकारी और बड़े अधिकारी आखिर किस तरह कामकाज कर रहे हैं इसका लेखा-जोखा अब तय होगा। राज्य सरकार के पदाधिकारियों की तरफ से जो भी काम किया जाएगा उसका हर म

अधिकारियों को देना होगा अब काम का हिसाब, प्रधान सचिव और सचिव का लेखा जोखा सीएम देखेंगे
First Bihar
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PATNA : प्रदेश में सरकार के पदाधिकारी और बड़े अधिकारी आखिर किस तरह कामकाज कर रहे हैं इसका लेखा-जोखा अब तय होगा। राज्य सरकार के पदाधिकारियों की तरफ से जो भी काम किया जाएगा उसका हर महीने रिपोर्ट तैयार होगा। सभी विभागों में इसके लिए फॉर्मेट तैयार किया गया है। किसी पदाधिकारी ने एक महीने के अंदर कितने काम किए इसको लेकर फॉर्मेट में डिटेल भरी जाएगी। कैबिनेट सचिवालय विभाग ने सभी विभागों के अपर मुख्य सचिव, प्रधान सचिव और सचिव को इसके लिए गाइडलाइन जारी किया है।


कैबिनेट सचिवालय विभाग ने जो जिस दिशा निर्देश जारी किया है उसके मुताबिक पदाधिकारियों की तरफ से निपटाए गए कामों की मासिक तालिका विभागीय सचिवों के माध्यम से भरी जाएगी। इस दौरान मंत्री भी उपस्थित रहेंगे। संबंधित मंत्री की तरफ से दिए गए आदेशों पर महीने में कार्य समाप्ति के बाद रिपोर्ट देनी होगी। यह रिपोर्ट प्रधान सचिव और सचिव के पास उपस्थित करना अनिवार्य होगा। प्रधान सचिव और सचिव के माध्यम से इसे मंत्री के पास उपलब्ध करा दिया जाएगा।


खास बात यह है कि राज्य के प्रधान सचिवों, सचिवों और विशेष सचिव के साथ-साथ अपन सचिवों की तरफ से किए गए कामकाज की समीक्षा मुख्यमंत्री नीतीश कुमार भी करेंगे। एक बार विभागीय मंत्री जब इस मामले को देख लेंगे तो उसके बाद इन अधिकारियों का वर्क असेसमेंट मुख्यमंत्री के सामने उपलब्ध करा दिया जाएगा। इस पूरे आदेश का मकसद अधिकारियों की कार्यशैली को दुरुस्त करना साथ ही साथ काम करने को लेकर उनकी प्रवृत्ति में तेजी लाना है। देखना होगा सरकार का यह आदेश लागू होने के बाद अधिकारियों की कार्यशैली में क्या कुछ बदलाव आ पाता है।

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