कैमूर में जहरीला बीज खाने से 8 बच्चे बीमार, भभुआ सदर अस्पताल में भर्ती मधेपुरा में BPSC की तैयारी कर रही छात्रा की संदिग्ध मौत, किराए के कमरे में मिली लाश, इलाके में सनसनी Bihar News: CM नीतीश का बड़ा ऐलान, बाकी बचे इन 213 प्रखंडों में तुरंत खुलेंगे कॉलेज,जुलाई 2026 से शुरू होगी पढ़ाई... पटना का नाम पाटलिपुत्र करने की मांग, उपेंद्र कुशवाहा ने राज्यसभा में उठाया मुद्दा प्रेमिका से मिलने आए प्रेमी को लोगों ने बना दिया दूल्हा, सुपौल में ‘पकड़ौआ विवाह’ का वीडियो वायरल शेखपुरा में फर्जी लोन ऐप गिरोह का भंडाफोड़, साइबर पुलिस ने 5 ठगों को किया गिरफ्तार वैशाली में हेरोइन और अफीम के साथ तीन तस्कर गिरफ्तार, हुंडई वेन्यू कार से बड़ी खेप बरामद सुप्रीम कोर्ट के रोक के बावजूद बिहार के इस यूनिवर्सिटी ने लागू कर दिया UGC के नए नियम, विरोध के बाद कुलपति ने उठाया यह कदम सुप्रीम कोर्ट के रोक के बावजूद बिहार के इस यूनिवर्सिटी ने लागू कर दिया UGC के नए नियम, विरोध के बाद कुलपति ने उठाया यह कदम जुड़वां बेटियों के जन्म पर बहू की हत्या, पति और ससुर को उम्रकैद
29-Feb-2024 11:17 AM
By First Bihar
PATNA: सदन की कार्यवाही शुरू होने से पहले गुरुवार को माले के विधायकों ने विधानसभा में जोरदार प्रदर्शन किया। महागठबंधन के विधायकों के पाला बदलने को लेकर माले विधायकों ने जोरदार नारेबाजी की और बीजेपी पर गंभीर आरोप लगाए।
दरअसल, बीते दिनों कांग्रेस के दो और आरजेडी की एक विधायक ने अचानक विधानसभा में पाला बदल लिया था और विपक्षी खेमा छोड़कर सत्ताधारी दल के साथ जाकर बैठ गए थे। इससे पहले नीतीश सरकार के फ्लोर टेस्ट के दौरान आरजेडी के तीन विधायक जेडीयू में शामिल हो गए थे। विपक्ष का आरोप है कि बीजेपी पैसे के बल पर विपक्ष के विधायकों को तोड़ रही है।
भाकपा विधायक दल के नेता महबूब आलम के नेतृत्व में माले विधायकों ने विधानसभा में जोरदार हंगामा किया। महबूब आलम ने कहा कि बीजेपी देश के लोकतंत्र पर हमला कर रही है। दल बदलने वाले विधायकों पर अभी तक कार्रवाई क्यों नहीं की गई। प्रावधानों के मुताबिक तत्काल ऐसे विधायकों की सदस्यता रद्द होनी चाहिए लेकिन भाजपा ने इल्क्ट्रोल बॉन्ड के जरिए हजारों करोड़ रुपए की उगाही की है और उस पैसे का इस्तेमाल लोकतंत्र की हत्या में किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि विधायकों को दल बदलने का कोई अधिकार नहीं है लेकिन सदन के भीतर जिस तरह से दल बदल कानून का उल्लंघन करते हुए विधायकों ने पाला बदला, उनके ऊपर तुरंत एक्शन होना चाहिए था। ऐसे में पाला बदलने वाले विधायकों के खिलाफ स्पीकर को सख्त कार्रवाई करते हुए उनकी विधानसभा सदस्यता को रद्द करना चाहिए। जब तक दल बदलने वाले विधायकों पर एक्शन नहीं होता हम मानने वाले नहीं हैं।