पटना में बड़े ड्रग्स रैकेट का खुलासा: 25 करोड़ की स्मैक के साथ दो स्मगलर अरेस्ट, सूखे नशे के कारोबार में पुलिस के दो जवान भी शामिल पटना में बड़े ड्रग्स रैकेट का खुलासा: 25 करोड़ की स्मैक के साथ दो स्मगलर अरेस्ट, सूखे नशे के कारोबार में पुलिस के दो जवान भी शामिल प्रेम प्रसंग में युवक की हत्या, गंडक नदी से बरामद हुआ शव; पुलिस ने किया कांड का खुलासा पर्यटकों की पहली पसंद बने बिहार के ये वाटरफॉल्स, पहाड़ और झरनों का संगम बने आकर्षण का केंद्र पर्यटकों की पहली पसंद बने बिहार के ये वाटरफॉल्स, पहाड़ और झरनों का संगम बने आकर्षण का केंद्र अगलगी में अपना सब कुछ गंवा चुके लोगों के बीच पहुंचे मुकेश सहनी, राहत सामग्री का किया वितरण अगलगी में अपना सब कुछ गंवा चुके लोगों के बीच पहुंचे मुकेश सहनी, राहत सामग्री का किया वितरण ‘पास बुलाएगा, 500 का नोट दिखाएगा, मगर लेना नहीं’–पटना जंक्शन पर सक्रिय ठग गिरोह का भंडाफोड़ Bihar News: CM नीतीश की समृद्धि यात्रा में छोटे-मोटे काम पर भी करोड़ो रू हुए खर्च, सरकारी खजाने से रिलीज की गई राशि बिहार में डोर-टू-डोर कचरा कलेक्शन में बड़ा बदलाव: चार रंग के डस्टबिन होंगे अनिवार्य, इस दिन से लागू होंगे नए नियम; गाइडलाइन जारी
05-Oct-2025 10:15 AM
By First Bihar
Road Accident: झारखंड के कोडरमा जिले में रांची-पटना राजमार्ग पर रविवार रात एक दिल दहला देने वाला हादसा हो गया। बोकारो से छड़ से लदा एक मालवाहक टेलर रात करीब दस बजे कोडरमा घाटी के जमसोती नाला के पास तीखे मोड़ पर अनियंत्रित हो गया। वाहन सड़क किनारे पलटते ही चालक राकेश महतो केबिन में बुरी तरह फंस गए। स्थानीय लोगों की तत्परता से पुलिस को सूचना मिली, लेकिन तब तक हालात बेकाबू हो चुके थे। चालक मात्र 27 साल के थे और बिहार के समस्तीपुर जिले के मोहदीनगर के रहने वाले थे।
घटना तब घटी जब टेलर चालक राकेश महतो बोकारो से पटना माल लेकर लौट रहे थे। घाटी के खतरनाक मोड़ पर वाहन के अनियंत्रित होकर पलटते ही चालक केबिन में दब गए और उन्हें बाहर निकालना बेहद मुश्किल हो गया। कोडरमा थाने की पीसीआर वैन ने मौके पर पहुंचकर घंटों की मशक्कत के बाद राकेश को बाहर निकाला और 108 एम्बुलेंस से सदर अस्पताल ले जाया गया। लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
समस्तीपुर में मृतक के परिजनों को जैसे ही खबर मिली पूरे इलाके में शोक की लहर दौड़ गई। ग्रामीणों का कहना है कि राकेश परिवार का एकमात्र कमाने वाला सदस्य था और उनकी मौत ने घर को सूना कर दिया है। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है, जबकि टेलर को क्रेन से हटाने का काम जारी रहा।
यह हादसा कोडरमा घाटी की पुरानी समस्या को फिर उजागर करता है। यहां तीखे मोड़, संकरी सड़कें और भारी वाहनों की तेज रफ्तार जानलेवा साबित हो रही हैं। स्थानीय निवासियों ने बताया कि जमसोती नाला और आसपास के इलाकों में ट्रकों के पलटने की घटनाएं आम हैं। पिछले कुछ महीनों में ही कई ऐसी दुर्घटनाएं हुई हैं, जिनमें चालकों की जान गई। लोग प्रशासन से गुहार लगा रहे हैं कि यहां स्पीड ब्रेकर, चेतावनी बोर्ड और बेहतर लाइटिंग की व्यवस्था हो। अगर समय रहते कदम नहीं उठाए गए तो ऐसे हादसे और भयावह रूप ले लेंगे।