पति-पत्नी और वो का मामला: मास्टर के प्यार में पागल बीवी ने पति का घोंट डाला गला, इलाके में मचा हड़कंप बगहा की नासरीन प्रवीण बनीं बिहार आर्ट्स की थर्ड टॉपर, उत्तर बिहार में रहीं अव्वल Bihar Topper Success Story: नाना के निधन से टूटा मन, फिर भी नहीं हारी हिम्मत, गया की निशु बनी बिहार टॉपर बिहार में अपराधियों का तांडव: बाइक सवार बदमाशों ने कारोबारी को मारी गोली, दिनदहाड़े फायरिंग से हड़कंप बिहार में अवैध खनन पर बड़ी कार्रवाई: पंचमहला से हथियारबंद दो अपराधी गिरफ्तार, सोनू-मोनू गैंग से जुड़े तार मुजफ्फरपुर की पलक ने इंटर साइंस में 5वां रैंक किया हासिल, जिले और स्कूल का नाम किया रोशन निशांत कुमार का बड़ा बयान: 2005 से पहले बिहार में था दंगा और हिंसा का दौर, पिताजी ने बदली तस्वीर ट्रेनों में तत्काल टिकट के लिए नया सिस्टम लागू, लंबी लाइनों और धोखाधड़ी से मिलेगी राहत ट्रेनों में तत्काल टिकट के लिए नया सिस्टम लागू, लंबी लाइनों और धोखाधड़ी से मिलेगी राहत उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने चाणक्य, अशोक और जरासंध से CM नीतीश की तुलना, कहा–दिल्ली से बिहार को करेंगे गाइड
22-Jun-2025 03:30 PM
By First Bihar
Bihar News: बिहार की सियासत इस समय बेहद गर्म है। विधानसभा चुनाव से पहले एनडीए और विपक्ष के बीच आरोप-प्रत्यारोप की राजनीति चरम पर है। ताजा विवाद की वजह बना है 'दामाद आयोग' को लेकर नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव द्वारा दिया गया बयान, जिसके बाद केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने सोशल मीडिया के ज़रिए पलटवार किया। इसके जवाब में लालू प्रसाद यादव की बेटी और तेजस्वी यादव की बहन रोहिणी आचार्य ने भी कड़ा जवाब दिया, जिससे यह राजनीतिक बहस और तीखी हो गई है।
दरअसल, नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने बिहार सरकार पर हमला बोलते हुए कुछ आयोगों में कथित तौर पर “सत्ताधारी नेताओं के दामादों” की नियुक्ति को लेकर सवाल खड़े किए। उन्होंने इसे “दामाद आयोग” की संज्ञा दी और कहा कि सरकार अपनों को फायदा पहुंचा रही है, जबकि योग्य उम्मीदवार बाहर रह जाते हैं। तेजस्वी के इस आरोप के बाद केंद्रीय एमएसएमई मंत्री जीतन राम मांझी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X (पूर्व में ट्विटर) पर करारा जवाब दिया।
उन्होंने बिना नाम लिए एक लंबा पोस्ट कर लिखा “बेटे और दामाद दो तरह के होते हैं… एक लायक़, दूसरा नालायक़।लायक बेटा अपने दम पर नौकरी करता है, UGC-NET पास करता है, BPSC से चयनित होता है। नालायक बेटा 10वीं भी पास नहीं कर पाता, क्रिकेट में फेल होने पर पिता राजनीति में उतार देता है। लायक दामाद समाज का पहला इंजीनियर होता है, चुनाव लड़ता है, सामाजिक काम करता है। नालायक दामाद इंजीनियरिंग के बावजूद घर जमाई बनकर पर्स ढोता है।” यह बयान स्पष्ट रूप से तेजस्वी यादव और उनके परिवार की ओर इशारा करता था, जिसे लेकर सोशल मीडिया पर भी भारी चर्चा शुरू हो गई।
वहीं, मांझी के तंज का जवाब देर नहीं लगा। रोहिणी आचार्य ने अपने आधिकारिक X हैंडल से जवाब में लिखा “एक नालायक बेटा होटल में रंगरलियां मनाते पकड़ा जाता है, मगर बेटे से भी बड़ा नालायक बाप अपनी कुर्सी की धौंस दिखाकर उसे बचाता है। एक दफा एक नालायक दामाद अपने ससुर का पीए बन जाता है और अधिकारियों को फोन कर वसूली करवाता है।” इस ट्वीट के बाद से यह बहस और गहराती जा रही है। सोशल मीडिया पर समर्थकों के बीच भी तीखे कमेंट्स और प्रतिक्रियाएं देखी जा रही हैं।
इस जुबानी जंग 2025 के विधानसभा चुनावों की भूमिका तय करने वाली सियासत है। जहां एक ओर एनडीए गठबंधन अपनी शासन की उपलब्धियों को जनता तक पहुंचा रहा है, वहीं राजद (RJD) परिवारवादी राजनीति के आरोपों का जवाब आक्रामक अंदाज में दे रहा है। यह जुबानी हमला जनता के बीच भावनात्मक ध्रुवीकरण को जन्म दे सकता है, जिसका सीधा असर आगामी चुनावों में देखने को मिलेगा।