अब पटना में भी दिखेगी काशी जैसी भव्यता… इन घाटों पर होगी गंगा आरती, जान लीजिए पूरा शेड्यूल बिहार में गैस की ब्लैकमार्केटिंग के खिलाफ जिला प्रशासन सख्त, छापेमारी के दौरान भारी मात्रा में LPG सिलेंडर जब्त बिहार में गैस की ब्लैकमार्केटिंग के खिलाफ जिला प्रशासन सख्त, छापेमारी के दौरान भारी मात्रा में LPG सिलेंडर जब्त Bihar News: नीतीश कुमार ने विधान परिषद से दिया इस्तीफा...नेताओं में मायूसी, JDU महासचिव बोले- यह निर्णय भीतर तक झकझोर देने वाला है PMAY-G के तहत बिहार में गरीबों को जल्द मिलेगा पक्का घर, 1.04 करोड़ परिवार वेटिंग लिस्ट में शामिल PMAY-G के तहत बिहार में गरीबों को जल्द मिलेगा पक्का घर, 1.04 करोड़ परिवार वेटिंग लिस्ट में शामिल Success Story: दो सगे भाई, एक सपना… पहले ही प्रयास में दोनों ने फतह किया UP PCS, जानिए इनकी सफलता की कहानी नीतीश ने MLC से दिया इस्तीफा तो मांझी बोले..“तहरा जईसन केहू नईखें” Bihar Crime News: महिला की संदिग्ध मौत से सनसनी, पड़ोसी पर पीट-पीटकर हत्या करने का आरोप Bihar Crime News: महिला की संदिग्ध मौत से सनसनी, पड़ोसी पर पीट-पीटकर हत्या करने का आरोप
08-Feb-2026 04:14 PM
By First Bihar
BIHAR JAMIN: यदि आप अभी तक जमीन नहीं खरीद पाये हैं तो इसके बारे में जल्द सोचे, क्योंकि बिहार में बिहार में जमीन के दाम बढ़ने वाले हैं। इसके साथ ही अप्रैल महीने से जमीन का रजिस्ट्रेशन भी महंगा हो जाएगा। निबंधन दरों में चार गुना बढ़ोतरी किए जाने की संभावना है। इस संबंध में विभाग को प्रस्ताव भी भेजा जा चुका है। जो अभी स्वीकृति की प्रक्रिया में है। स्वीकृति मिलते ही बिहार में जमीन का एमवीआर बढ़ जाएगा। जिसका असर सीधे तौर पर लोगों के जेब पर पड़ेगा।
1 अप्रैल से लागू होंगी नई निबंधन दरें
नई निबंधन दरें 01 अप्रैल से लागू होंगी। इस बात की जानकारी पूर्णिया के जिला अवर निबंधक डॉ. उमाशंकर मिश्र ने दी। उन्होंने बताया कि ग्रामीण क्षेत्रों में 2013 और शहरी क्षेत्रों में 2016 के बाद से अब तक न्यूनतम मूल्यांकन पंजी (MVR)का पुनरीक्षण नहीं हो सका है। एक दशक से अधिक समय तक दरें नहीं बढ़ने के कारण राजस्व संग्रहण और भूमि अधिग्रहण से जुड़े विकास कार्यों में लगातार समस्याएं आ रही थीं। इसलिए निबंधन दर में बढोतरी के लिए प्रस्ताव विभाग को भेजा गया है। पूर्णिया जिले में दस्तावेजों के निबंधन के लिए उपयोग में लाई जा रही MVR दरों का पुनरीक्षण आवश्यक हो गया था। जिसे लेकर जमीन और संरचना की दरों का व्यापक सर्वेक्षण कराया गया।
बाजार मूल्य से काफी कम हैं सरकारी दरें
बता दें कि अभी पूर्णिया जिले में संरचनाओं की सरकारी दरें बाजार मूल्य से काफी कम हैं। उदाहरण के तौर पर, व्यावसायिक श्रेणी की डीलक्स संरचना की सरकारी दर 1492 रुपये प्रति वर्ग फीट निर्धारित है, जबकि बाजार में इसका मूल्य लगभग 5 से 6 हजार रुपये प्रति वर्ग फीट है। वहीं आवासीय संरचनाओं की सरकारी दर औसतन 800 से 1000 रुपये प्रति वर्ग फीट है, जबकि बाजार मूल्य 3000 से 5000 रुपये प्रति वर्ग फीट तक है।
सरकार की आय बढ़ाने की तैयारी
सरकारी दरों को बाजार मूल्य के करीब लाने के लिए भूमि और संरचना निर्माण की दरों में तीन से चार गुना तक वृद्धि आवश्यक बताई गई है। इससे न केवल सरकारी राजस्व में इजाफा होगा, बल्कि नगर निकायों को विकास कार्यों और आधारभूत संरचना के लिए अतिरिक्त वित्तीय संसाधन भी उपलब्ध होंगे।
2768 राजस्व ग्रामों के सर्किल रेट में संशोधन
जिले के सभी 2768 राजस्व ग्रामों के एमवीआर रेट में संशोधन की तैयारी पूरी कर ली गई है। जिला अवर निबंधन कार्यालय की टीम ने स्थल निरीक्षण और मूल्य सर्वेक्षण का कार्य पूरा कर लिया है। इसके अनुरूप जिले से प्रस्ताव विभाग को भेज दिया गया है। विभागीय स्वीकृति मिलते ही नई दरें अप्रैल से लागू कर दी जाएंगी। ऐसी संभावना को देखते हुए लोग अप्रैल से पहले जमीन की रजिस्ट्री करवा रहे हैं। इसे लेकर निबंधन कार्यालय में इन दिनों लोगों की भारी भीड़ देखने को मिल रही है।
लोगों के बीच इस बात की चर्चा हो रही है कि यदि अभी जमीन नहीं खरीदें तो फिर बाद में खरीदना मुश्किल हो जाएगा। जमीन से जुड़े लोग जमीन और फ्लैट की खरीद बिक्री फिलहाल रोके हुए हैं, उन्हें लग रहा है कि एमवीआई रेट बढ़ने के बाद वो इसे महंगी दाम पर बेचेंगे जिससे उन्हें काफी मुनाफा होगा। अब लोगों की नजर 01 अप्रैल को लागू होने वाले नये एमवीआर और निबंधन के नियम पर टिकी हुई है।