DESK : मुंबई में मोबाइल उड़ाने वाले ज्यादातर सक्रिय गैंग उत्तर भारतीयों के हैं। शिवसेना के मुखपत्र सामना में छपी एक रिपोर्ट के मुताबिक बिहार-झारखंड के अलावा दिल्ली और मध्य प्रदेश से आने वाले लोग मुंबई में मोबाइल उड़ाने का काम करते हैं।
सामना में छपी रिपोर्ट के मुताबिक हजारों किलोमीटर दूर अन्य राज्यों से आने वाले लोगों के कारण मुंबई में मोबाइल चोरी की समस्या बढ़ी है। मुंबई में मोबाइल चोरी की सबसे ज्यादा घटनाएं लोकल ट्रेनों में होती हैं। सामना ने रेल पुलिस के एक अधिकारी के हवाले से अपनी रिपोर्ट में लिखा है कि उत्तर बिहारियों का गैंग स्पेसिफिक कोड वर्ड के जरिए मोबाइल चोरी को अंजाम देता है।
मोबाइल उड़ाने वाला गिरोह टारगेट के लिए कौवा और मोबाइल चोरी करने वाले को मशीन कोडवर्ड से पुकारता है। इसी तरह थैली की आड़ में चोरी को अंजाम देने के लिए छप्पर कोडवर्ड, ऊपर की जेब साफ करने के लिए छाती कोडवर्ड और पॉकेट मारने के लिए चमड़ा कोडवर्ड का इस्तेमाल किया जाता है।
मुंबई में बिहारी करते हैं मोबाइल उड़ाने का काम, शिवसेना के मुखपत्र सामना की रिपोर्ट
DESK : मुंबई में मोबाइल उड़ाने वाले ज्यादातर सक्रिय गैंग उत्तर भारतीयों के हैं। शिवसेना के मुखपत्र सामना में छपी एक रिपोर्ट के मुताबिक बिहार-झारखंड के अलावा दिल्ली और मध्य प्रदेश से आ

