ब्रेकिंग
पुलिस हेडक्वार्टर के सामने युवक की लाश मिलने से सनसनी, शव की पहचान करने में जुटी पुलिस धान खरीद में अनियमितता को लेकर EOU की जांच तेज, प्रशासनिक महकमे में मचा हड़कंपहोम्योपैथिक क्लिनिक की आड़ में चल रहा था अवैध स्प्रिट का काला खेल, उत्पाद विभाग संचालक को किया गिरफ्तारखराब सड़क-पुल पर ठेकेदारों की खैर नहीं, 82 अधिकारियों की टीम करेगी जांचKISHANGANJ: ठाकुरगंज में भ्रष्टाचार का बड़ा खुलासा: 4.04 लाख की निकासी पर घमासान, कागजों पर बनी सड़क, जमीन पर गायबपुलिस हेडक्वार्टर के सामने युवक की लाश मिलने से सनसनी, शव की पहचान करने में जुटी पुलिस धान खरीद में अनियमितता को लेकर EOU की जांच तेज, प्रशासनिक महकमे में मचा हड़कंपहोम्योपैथिक क्लिनिक की आड़ में चल रहा था अवैध स्प्रिट का काला खेल, उत्पाद विभाग संचालक को किया गिरफ्तारखराब सड़क-पुल पर ठेकेदारों की खैर नहीं, 82 अधिकारियों की टीम करेगी जांचKISHANGANJ: ठाकुरगंज में भ्रष्टाचार का बड़ा खुलासा: 4.04 लाख की निकासी पर घमासान, कागजों पर बनी सड़क, जमीन पर गायब

LAC पर तनाव के बीच चीन से कोर कमांडर स्‍तर की बातचीत आज

DESK : भारत-चीन सीमा पर बीते कुछ महीने से तनाव लगातार बढ़ते ही जा रहा है. हिंसक झड़प के साथ ही फायरिंग की भी कुछ घटनाएं हो चुकी हैं. लगातार बढ़ते तनाव को कम करने के लिए आज दोनों

LAC पर तनाव के बीच चीन से कोर कमांडर स्‍तर की बातचीत आज
Anamika
2 मिनट

DESK :  भारत-चीन सीमा पर बीते कुछ महीने से तनाव लगातार बढ़ते ही जा रहा है. हिंसक झड़प के साथ ही फायरिंग की भी कुछ घटनाएं हो चुकी हैं. लगातार बढ़ते तनाव को कम करने के लिए आज दोनों देशो के बीच छठे दौर की कोर कमांडर स्तर की वार्ता होनी है. सूत्रों के मुताबिक, इस वार्ता में पूरी तरह से सेनाएं हटाने और पूर्वी लद्दाख में शांति स्थापित करने की दिशा में बनी सहमतियों को लागू करने पर चर्चा होगी. दोनों पक्षों के बीच ये वार्ता मोल्डो में होनी है. 


वार्ता में भारतीय प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व लेफ्टिनेंट जनरल हरिंदर सिंह करने वाले हैं जो लेह स्थित भारतीय थल सेना की 14 वीं कोर के कमांडर हैं. जबकि चीनी पक्ष का नेतृत्व मेजर जनरल लियू लिन के करने की संभावना है, जो दक्षिण शिंजियांग सैन्य क्षेत्र के कमांडर हैं.


इस बीच खबर है कि भारत ने पूर्वी लद्दाख में 20 से ज्यादा चोटियों पर अपनी पकड़ मजबूत कर ली है. इन चोटियों पर भारतीय सेना की पकड़ पहले की तुलना में काफी मजबूत है. ऐसी स्थिति में भारत इन चोटियों से चीन की नापाक हरकत पर नज़र बनाये हुए है. ये सभी चोटियां एलएसी पर भारतीय सीमा में हैं इन चोटियों पर कब्जे की चीन की कोशिशों के चलते ही एलएसी पर पिछले कुछ दिनों के भीतर तीन बार गोलियां चली हैं. एलएसी पर गोली चलने की घटना 45 साल बाद हुई है. 


इस खबर के बारे में

रिपोर्टर / लेखक

Anamika

FirstBihar न्यूज़ डेस्क

संबंधित खबरें