ब्रेकिंग
पत्नी ने ही रची थी पति की हत्या की साजिश... भाई समेत 6 गिरफ्तार, ऐसे खुला पूरा राज✦इलाज के नाम पर हैवानियत, बीमार बच्चों को पैरो से पकड़कर ज़मीन पर पटकता रहा तांत्रिक... वीडियो देख कांप जाएगी रूह✦कानाफूसी: सचिवालय के 'साहेब' का वसूली गैंग! बॉडीगार्ड-रिश्तेदार से लेकर स्वधर्म वाले शख्स को दिया जिम्मा, सिफारिशी पोस्टिंग वाले निशाने पर...'लक्ष्मी' रिलीज करने का भारी दबाव✦‘तटबंध का पक्कीकरण नहीं हुआ तो अगला चुनाव नहीं लड़ूंगा’, बीजेपी विधायक ने कर दिया एलान✦UG Admission से चूके छात्रों को मिला एक और मौका! बिहार के कॉलेजों में स्पॉट एडमिशन शुरू, यह है आखिरी तारीख✦पत्नी ने ही रची थी पति की हत्या की साजिश... भाई समेत 6 गिरफ्तार, ऐसे खुला पूरा राज✦इलाज के नाम पर हैवानियत, बीमार बच्चों को पैरो से पकड़कर ज़मीन पर पटकता रहा तांत्रिक... वीडियो देख कांप जाएगी रूह✦कानाफूसी: सचिवालय के 'साहेब' का वसूली गैंग! बॉडीगार्ड-रिश्तेदार से लेकर स्वधर्म वाले शख्स को दिया जिम्मा, सिफारिशी पोस्टिंग वाले निशाने पर...'लक्ष्मी' रिलीज करने का भारी दबाव✦‘तटबंध का पक्कीकरण नहीं हुआ तो अगला चुनाव नहीं लड़ूंगा’, बीजेपी विधायक ने कर दिया एलान✦UG Admission से चूके छात्रों को मिला एक और मौका! बिहार के कॉलेजों में स्पॉट एडमिशन शुरू, यह है आखिरी तारीख

कल तक देनी होगी बांड की जानकारी, CJI ने SBI को लगाई फटकार; कहा - ये काफी गंभीर मामला

DESK : सुप्रीम कोर्ट की पांच न्यायाधीशों की संविधान पीठ ने भारतीय स्टेट बैंककी याचिका पर सुनवाई की। इस दौरान सीजेआई डीवाई चंद्रचूड़ ने SBI को फटकार लगाई है। उन्होंने कह कि- 26 दिन

कल तक देनी होगी बांड की जानकारी, CJI ने SBI को लगाई फटकार; कहा - ये काफी गंभीर मामला
Tejpratap
Tejpratap
2 मिनट

DESK : सुप्रीम कोर्ट की पांच न्यायाधीशों की संविधान पीठ ने भारतीय स्टेट बैंककी याचिका पर सुनवाई की। इस दौरान सीजेआई डीवाई चंद्रचूड़ ने SBI को फटकार लगाई है। उन्होंने कह कि- 26 दिन में आपने क्या किया। ये बेहद गंभीर मामला है। सोमवार को हुई सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने SBI को कलतक ही पूरी डिटेल देने का आदेश दिया है। 


सुप्रीम कोर्ट ने आज सुनवाई के दौरान कहा कि-  एसबीआई को सिर्फ सीलबंद कवर खोलना है, विवरण एकत्र करना है और चुनाव आयोग को जानकारी देनी है। पिछले 26 दिनों में आपने क्या कदम उठाए? आपका आवेदन उस पर चुप है। ऐसे में SBI की ओर से पक्ष रखते हुए वरिष्ठ वकील हरीश साल्वे ने कोर्ट को बताया कि बैंक को चुनाव आयोग को चुनावी बांड का विवरण जमा करने के लिए अतिरिक्त समय की आवश्यकता है।


 साल्वे का कहना है कि SBI की समस्या यह है कि पूरी प्रक्रिया को उलटना पड़ेगा। एसओपी ने सुनिश्चित किया था कि कोर बैंकिंग सिस्टम और बांड नंबर में खरीदार का कोई नाम नहीं हो। हमें यह बताया गया था कि इसे गुप्त रखना है. बॉन्ड खरीदने वाले का नाम और खरीदने की तारीख कोड की गई है, जिसे डिकोड करने में समय लगेगा। 


इसके बाद सुप्रीम कोर्ट ने एसबीआई से कहा कि हमने आपसे अपने फैसले के अनुसार स्पष्ट खुलासा करने को कहा है। एसबीआई ने राजनीतिक दलों द्वारा भुनाए गए चुनावी बांड के विवरण का खुलासा करने की समय सीमा को 30 जून तक बढ़ाने की मांग की थी। लेकिन इस मामले पर 5 जजों की बेंच ने सुनवाई  करते हुए कल तक ही SBI को पूरी डिटेल देने का आदेश दिया है।