ब्रेकिंग
कैबिनेट विस्तार से पहले बजरंगबली के दरबार में शाह-सम्राट: पटना के राजवंशी नगर हनुमान मंदिर में की पूजा-अर्चनाबिहार में AI मिशन को मंजूरी: माननीय से अधिकारी तक पढ़ेंगे AI का पाठ, कैबिनेट के 20 फैसलेबिहार कैबिनेट विस्तार से पहले हलचल तेज: अमित शाह और नितिन नबीन पटना पहुंचे, मंत्रियों की लिस्ट होगी फाइनलसीवान में दिनदहाड़े ज्वेलरी शॉप से 20 लाख की लूट, तेजस्वी यादव ने सम्राट चौधरी पर साधा निशानाBihar News: भ्रष्ट DPO को 5 साल की सजा, 2 लाख कैश घूस लेते निगरानी ने 10 साल पहले किया था गिरफ्तारकैबिनेट विस्तार से पहले बजरंगबली के दरबार में शाह-सम्राट: पटना के राजवंशी नगर हनुमान मंदिर में की पूजा-अर्चनाबिहार में AI मिशन को मंजूरी: माननीय से अधिकारी तक पढ़ेंगे AI का पाठ, कैबिनेट के 20 फैसलेबिहार कैबिनेट विस्तार से पहले हलचल तेज: अमित शाह और नितिन नबीन पटना पहुंचे, मंत्रियों की लिस्ट होगी फाइनलसीवान में दिनदहाड़े ज्वेलरी शॉप से 20 लाख की लूट, तेजस्वी यादव ने सम्राट चौधरी पर साधा निशानाBihar News: भ्रष्ट DPO को 5 साल की सजा, 2 लाख कैश घूस लेते निगरानी ने 10 साल पहले किया था गिरफ्तार

गंगा में विसर्जित की गईं सुशांत की अस्थियां, परिवार के करीबी लोग हुए शामिल, पटना में ही होगा श्राद्धकर्म

PATNA : बिहार के लाल सुशांत सिंह राजपूत की अंत्येष्टि के बाद उनकी अस्थियां गुरूवार को गंगा में विसर्जित की गईं. इस दौरान सुशांत के परिजन और उनके बेहद करीबी लोग उपस्थित रहें. म

FirstBihar
First Bihar
4 मिनट

PATNA : बिहार के लाल सुशांत सिंह राजपूत की अंत्येष्टि के बाद उनकी अस्थियां गुरूवार को गंगा में विसर्जित की गईं. इस दौरान सुशांत के परिजन और उनके बेहद करीबी लोग उपस्थित रहें. मुंबई के विले पार्ले श्मशान घाट पर अंत्येष्टि के बाद सुशांत की अस्थियां पटना लाई गई थीं. राजधानी के गांधी घाट पर उनकी अस्थियां विसर्जित की गईं.



बॉलीवुड एक्टर सुशांत सिंह राजपूत के पिता के के सिंह, उनकी बहन श्वेता सिंह कीर्ति और परिवार के बेहद करीबी लोग ही इस दौरान उपस्थित रहें. गुरूवार की दोपहर एक बजे पटना के गांधी घाट पर सुशांत की अस्थियां विसर्जित की गईं. अस्थि विसर्जन के बाद उनके परिवार के लोग पटना राजीवनगर स्थित उनके घर पहुंचे. पारिवारिक सूत्रों के अनुसार सुशांत का श्राद्धकर्म पटना में ही होगा. पूर्णिया स्थित पैतृक गांव के लोग और रिश्तेदार भी शामिल होंगे. 


गंगा में विसर्जित की गईं सुशांत की अस्थियां, परिवार के करीबी लोग हुए शामिल, पटना में ही होगा श्राद्धकर्म


सुशांत की आत्मा की शांति के लिए बुधवार को उनके पटना स्थित घर में पूजा की गई. बता दें कि अभिनेता सुशांत सिंह राजपूत ने रविवार को मुंबई के बांद्रा स्थित अपने फ्लैट में सुसाइड कर लिया था.  उनकी मौत की खबर से पूरा देश स्‍तब्‍ध है. बिहार के पटना में रहने वाले उनके पिता केके सिंह गहरे सदमे में चले गए तो उनकी चचेरी भाभी की पूर्णिया स्थित पैतृक गांव में सदमे में मौत हो गई. सोमवार को सुशांत के पिता मुंबई गए, जहां उन्‍होंने बेटे का अंतिम संस्‍कार किया. वे अस्थि कलश लेकर बुधवार को पटना लौटे थे. जिसे आज पटना के गांधी घाट पर विसर्जित किया गया.


गंगा में विसर्जित की गईं सुशांत की अस्थियां, परिवार के करीबी लोग हुए शामिल, पटना में ही होगा श्राद्धकर्म


सुशांत की बहन उनको काफी मिस कर रही हैं. सुशांत के फैंस को उनकी बहन ने श्वेता सिंह कीर्ति  एक भावुक पोस्ट शेयर किया है. शुक्रिया उन सभी लोगों का जो प्रार्थना कर रहे हैं और इस क्रिया में सहायता कर रहे हैं. आप लोगों से कहना चाहती हूं कि भाई के लिए प्रार्थना करें और उन्हें प्यार से अलविदा कहें. दिल में प्यार और उसकी यादें रखते हुए, चलिए उसकी जिंदगी का जश्न मनाते हैं। उसे प्यार से अलविदा कहते हैं.


गंगा में विसर्जित की गईं सुशांत की अस्थियां, परिवार के करीबी लोग हुए शामिल, पटना में ही होगा श्राद्धकर्म


उन्होंने लिखा था, ‘मेरा बेबी, मेरा बाबू, मेरा बच्चा अब हमारे बीच शारीरिक रूप से मौजूद नहीं है. मैं जानती हूं कि तुम काफी दर्द में थे और मैं जानती हूं कि तुम एक फाइटर थे और इससे बहादुरी से लड़ रहे थे. मुझे माफ करना मेरा सोना, जिन भी तकलीफों से तुम गुजरे, उसके लिए माफी चाहती हूं. अगर मेरे अख्तियार में होता तो मैं तुम्हारे सारे दर्द ले लेती और अपनी सारी खुशियां तुम्हें दे देती. 


गंगा में विसर्जित की गईं सुशांत की अस्थियां, परिवार के करीबी लोग हुए शामिल, पटना में ही होगा श्राद्धकर्म


श्वेता ने लिखा कि 'तुम्हारी चमकती आंखों ने दुनिया को सपना देखना सिखाया, तुम्हारी मासूम मुस्कान ने तुम्हारे साफ दिल होने को दिखाया. तुम्हें हमेशा प्यार किए जाएगा मेरा बेबी और बहुत-बहुत ज्यादा प्यार किया जायेगा. तुम जहां भी हो मेरा बेबी खुश रहो. मेरे सभी प्रियजन, मैं जानती हूं कि यह मुश्किल समय है लेकिन नफरत की जगह प्यार को, क्रोध की जगह दया और करुणा को चुनें.




संबंधित खबरें