पटना में नाबालिग के अपहरण और अवैध सर्जरी का खुलासा, नवजात को बेचने की साजिश में 3 गिरफ्तार

पटना में नाबालिग लड़की के अपहरण और अवैध सर्जरी का मामला सामने आया। पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर नवजात बच्ची को सुरक्षित बाल कल्याण समिति को सौंपा। क्लिनिक संचालक पर भी कार्रवाई शुरू।

1st Bihar Published by: First Bihar Updated Mar 07, 2026, 10:32:10 PM

बिहार न्यूज

पुलिस की बड़ी कार्रवाई - फ़ोटो रिपोर्टर

PATNA: पटना में एक सनसनीखेज मामले का खुलासा हुआ है, जिसमें नाबालिग लड़की के अपहरण, अवैध सर्जरी और नवजात बच्ची को बेचने की साजिश का मामला सामने आया है। इस मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है।


मिली जानकारी के अनुसार, 3 मार्च को गर्दनीबाग थाना में एक नाबालिग लड़की के अपहरण की सूचना उसके परिजनों द्वारा दी गई। सूचना मिलते ही पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी। तकनीकी विश्लेषण और मानवीय अनुसंधान के आधार पर पुलिस ने पीड़िता को बरामद कर लिया और बीएनएसएस की धारा 180 और 183 के तहत उसका बयान दर्ज किया।


जांच के दौरान चौंकाने वाला खुलासा हुआ कि पीड़िता का प्राथमिकी अभियुक्त के साथ प्रेम प्रसंग था, जिसके कारण वह गर्भवती हो गई थी। जब इस बात की जानकारी अभियुक्त को हुई तो उसने अपनी मां के साथ मिलकर पीड़िता की अवैध तरीके से संजीवनी क्लिनिक में सर्जरी करवा दी।


पुलिस जांच में यह पाया गया कि क्लिनिक के रजिस्टर में इस सर्जरी की कोई प्रविष्टि नहीं थी और न ही क्लिनिक की ओर से कोई वैध दस्तावेज पुलिस को दिखाया गया। इतना ही नहीं, यह ऑपरेशन किसी गायनेकोलॉजिस्ट की बजाय एक सर्जन द्वारा किया गया, जो पूरी तरह से नियमों के विरुद्ध है।


अग्रिम जांच में यह भी सामने आया कि ऑपरेशन के दौरान पीड़िता ने एक नवजात बच्ची को जन्म दिया। आरोप है कि अभियुक्त और उसकी मां उस बच्ची को अपने पास रखने के बजाय फेंक देना चाहते थे। इसी दौरान क्लिनिक के संचालक ने बच्ची को बेचने की नीयत से उसे छिपाकर रख लिया और इसकी सूचना पुलिस को नहीं दी। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए नवजात बच्ची को सुरक्षित बरामद कर बाल कल्याण समिति (CWC) को सौंप दिया है।


इस मामले में पुलिस ने प्राथमिकी अभियुक्त, उसकी मां और संजीवनी क्लिनिक के संचालक को गिरफ्तार कर न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया है। साथ ही क्लिनिक के खिलाफ कार्रवाई के लिए सिविल सर्जन और जिला दंडाधिकारी को पत्र भेजा गया है। पुलिस ने बताया कि पीड़िता की सर्जरी करने वाले सर्जन और इस मामले से जुड़े अन्य लोगों के खिलाफ भी आगे की कार्रवाई की जा रही है। इस पूरे मामले को लेकर सचिवालय-01 की अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी अनु कुमारी ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए सभी पहलुओं की गहन जांच की जा रही है और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।

पटना से सूरज की रिपोर्ट