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Patna Metro : पटना को मेट्रो सिटी बनाने में किसका सबसे बड़ा योगदान? जानिए पूरी कहानी!

Patna Metro : पटना मेट्रो प्रोजेक्ट से राजधानी को ट्रैफिक जाम से राहत और हाईटेक ट्रांसपोर्ट सिस्टम की सौगात मिलने जा रही है। लेकिन क्या आपने सोचा है कि इस प्रोजेक्ट में सबसे बड़ा रोल किसका है?

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प्रतीकात्मक तस्वीर
© Google
Nitish Kumar
Nitish Kumar
3 मिनट

Patna Metro : पटना के लोगों के लिए मेट्रो परियोजना का पहला चरण 15 अगस्त से शुरू होने जा रहा है। इसमें मलाही पकड़ी से लेकर पाटलिपुत्र बस टर्मिनल तक 6.01 किलोमीटर लंबा रूट शामिल है। इस रूट पर खेमनीचक, भूतनाथ रोड और जीरो माइल जैसे स्टेशन होंगे।आपको बताएँगे इस प्रोजेक्ट में सबसे अहम् रोल निभाने वाला कौन है ,साथ ही इससे जुडी फायदे और नुकसान भी बताएँगे |


क्या है पटना मेट्रो प्रोजेक्ट?

इस परियोजना को 2019 में मंजूरी मिली थी। इसमें कुल 31.9 किमी लंबे रूट पर 24 मेट्रो स्टेशन बनाए जा रहे हैं। दिल्ली मेट्रो रेल कॉरपोरेशन (DMRC) इसे बना रहा है और बिहार सरकार इसका निरीक्षण कर रही है। आपको बता दे कि पटना मेट्रो की कुल लंबाई - 32.49 किमी { अंडरग्राउंड - 18.46 किमी { एलिवेटेड - 14.03 किमी होगी | 

मेट्रो से क्या फायदे होंगे?

शहर में ट्रैफिक जाम से राहत मिलेगी, लोग जल्दी और आराम से अपने गंतव्य पर पहुंच सकेंगे, मेट्रो बिजली से चलती है, इसलिए प्रदूषण नहीं होगा, शहर में आवागमन आसान होगा और समय की बचत भी होगी

मेट्रो से संभावित नुकसान

ऑटो-रिक्शा चालकों की आमदनी घट सकती है ,वहीँ  मेट्रो आने से लोग तेज और सस्ते विकल्प की ओर बढ़ेंगे, जिससे ऑटो और ई-रिक्शा चालकों को कम सवारी मिल सकती है।लिहाजा ऑटोवाले की इनकम कम होने की संभावनाएं जताई जा रही है |

फंडिंग किससे हो रही है?

इस प्रोजेक्ट की लागत का 20% केंद्र सरकार, 20% बिहार सरकार और 60% जापान इंटरनेशनल कोऑपरेशन एजेंसी (JICA) दे रही है।

पटना मेट्रो को जापान से बड़ी मदद       

जापान की अंतरराष्ट्रीय एजेंसी JICA ने भारत के साथ एक समझौता किया है, जिसमें चार परियोजनाओं के लिए लगभग 3.22 अरब डॉलर (426.8 बिलियन येन) का कर्ज दिया जाएगा। इनमें पटना मेट्रो प्रोजेक्ट के लिए 98.6 बिलियन येन यानि की 5,500 करोड़ की की राशि निर्धारित की गई थी । इस परियोजना का उद्देश्य पटना शहर में मेट्रो की दो प्रमुख लाइनें (लाइन 1 और 2) बनाना है, जिससे ट्रैफिक की भीड़ कम हो सके। यह प्रोजेक्ट दिसंबर 2028 तक पूरा करने की योजना है।

कर्ज लौटाने की शर्तें

कर्ज की चुकाने की अवधी (Duration) 30 साल है, जिसमें शुरुआती 10 साल की छूट होगी, यानी इस अवधि में कोई भुगतान नहीं करना होगा। पटना मेट्रो सेवा शुरू होने से लोगों को बेहतर, तेज़ और स्वच्छ यात्रा का अनुभव मिलेगा। साथ ही, पटना शहर के विकास में भी मदद करेगी। 






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