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Bihar News : गया में कुएं का काल! मोटर ठीक करने उतरे 4 ग्रामीणों की जहरीली गैस से मौत, गांव में मचा कोहराम

Gaya News: गया के डोभी प्रखंड के गढ़ करमौनी गांव में 30 फीट गहरे कुएं में जहरीली गैस से चार ग्रामीणों की मौत हो गई। सभी मोटर ठीक करने कुएं में उतरे थे।

Bihar News : गया में कुएं का काल! मोटर ठीक करने उतरे 4 ग्रामीणों की जहरीली गैस से मौत, गांव में मचा कोहराम
Tejpratap
Tejpratap
5 मिनट

Bihar News :  बिहार के गया जिले से दर्दनाक हादसे की खबर सामने आई है। डोभी प्रखंड के गढ़ करमौनी गांव में करीब 30 फीट गहरे कुएं में जहरीली गैस की चपेट में आने से चार ग्रामीणों की मौत हो गई। बताया जा रहा है कि चारों लोग कुएं में मोटर ठीक करने के लिए नीचे उतरे थे। इसी दौरान कुएं के अंदर मौजूद जहरीली गैस के कारण उनका दम घुट गया। हादसे के बाद गांव में चीख-पुकार मच गई और मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया।

मोटर ठीक करने कुएं में उतरे थे ग्रामीण

प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, गढ़ करमौनी गांव में कुएं में लगी मोटर में खराबी आ गई थी। इसे ठीक करने के लिए ग्रामीण बारी-बारी से करीब 30 फीट गहरे कुएं में उतरे। बताया जा रहा है कि कुएं के अंदर पहले से जहरीली गैस जमा थी। नीचे उतरने के बाद ग्रामीण इसकी चपेट में आ गए और बेहोश होकर कुएं में गिर पड़े।

घटना की जानकारी मिलते ही आसपास के ग्रामीण बड़ी संख्या में मौके पर पहुंच गए। लोगों ने अपने स्तर से बचाव की कोशिश की, लेकिन कुएं के अंदर ऑक्सीजन का स्तर काफी कम होने के कारण राहत और बचाव कार्य में काफी सावधानी बरतनी पड़ी।

दो शव कुएं से निकाले गए

हादसे की सूचना मिलते ही प्रशासन और फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची। बचाव दल ने अभियान चलाकर अब तक दो लोगों के शव कुएं से बाहर निकाल लिए हैं। वहीं, दो अन्य लोगों को बाहर निकालने के लिए भी अभियान चलाया गया। जहरीली गैस और ऑक्सीजन की कमी के कारण बचाव दल को विशेष सावधानी के साथ काम करना पड़ा। घटनास्थल पर ग्रामीणों की भारी भीड़ जुट गई। हादसे के बाद मृतकों के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। गांव में मातम पसरा हुआ है और हर तरफ चीख-पुकार सुनाई दे रही है।

मौके पर पहुंचे प्रशासनिक अधिकारी

घटना की जानकारी मिलते ही शेरघाटी एसडीओ, डोभी बीडीओ समेत कई प्रशासनिक अधिकारी घटनास्थल पर पहुंचे। अधिकारियों की मौजूदगी में राहत और बचाव अभियान चलाया गया। फायर ब्रिगेड की टीम ने भी कुएं से लोगों को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए अभियान में हिस्सा लिया। प्रशासन की ओर से हादसे के कारणों और मृतकों से जुड़ी जानकारी जुटाई जा रही है। प्रारंभिक जांच में कुएं के अंदर जहरीली गैस जमा होने और ऑक्सीजन का स्तर कम होने को हादसे की मुख्य वजह माना जा रहा है।

डीएसपी ने बताया कैसे हुआ हादसा

शेरघाटी के डीएसपी ने बताया कि कुएं की गहराई करीब 30 फीट है। कुएं में मोटर से संबंधित काम करने के लिए ग्रामीण नीचे उतरे थे। इसी दौरान जहरीली गैस की चपेट में आने से हादसा हो गया। उन्होंने बताया कि सूचना मिलने के बाद फायर ब्रिगेड की टीम को मौके पर भेजा गया और बचाव अभियान शुरू किया गया। डीएसपी के अनुसार, कुएं के अंदर ऑक्सीजन का स्तर काफी कम था। ऐसे में बचाव दल के सदस्यों को भी सावधानी बरतनी पड़ी। सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए अभियान चलाया गया और लोगों को बाहर निकालने का प्रयास किया गया।

मृतकों के परिजनों को मिलेगा चार लाख रुपये मुआवजा

डोभी बीडीओ ने बताया कि हादसे में जान गंवाने वाले चारों लोगों के परिजनों को आपदा राहत कोष के तहत प्रति व्यक्ति चार लाख रुपये की सहायता राशि दी जाएगी। प्रशासन की ओर से इसके लिए आवश्यक प्रक्रिया पूरी की जा रही है।इस हादसे ने एक बार फिर कुएं या बंद और गहरे स्थानों में जहरीली गैस के खतरे को सामने ला दिया है। ऐसे स्थानों में ऑक्सीजन की कमी और जहरीली गैस की मौजूदगी का पता लगाए बिना उतरना बेहद खतरनाक साबित हो सकता है। गया के गढ़ करमौनी गांव में हुए इस हादसे ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है। प्रशासन की ओर से घटना की जांच और राहत से जुड़ी कार्रवाई जारी है।