1st Bihar Published by: First Bihar Updated Sep 29, 2025, 10:07:21 AM
Durga Puja Bihar 2025 - फ़ोटो FILE PHOTO
Durga Puja Bihar 2025 : बिहार में शारदीय नवरात्रि के सातवें दिन यानी सप्तमी के अवसर पर मां दुर्गा के पट खोल दिए गए। इस मौके पर राज्यभर में भक्तिमय माहौल देखने को मिला। जगह-जगह भव्य पंडालों की सजावट, देवी-देवताओं की मूर्तियों की स्थापना और भजन-कीर्तन की गूंज ने वातावरण को धार्मिक रंग में रंग दिया। सड़कों पर भक्तों की भीड़भाड़ बढ़ गई, वहीं प्रशासन और पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी ताकि त्योहार शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हो सके।
इस बार दुर्गा पूजा को लेकर सरकार और प्रशासन ने पहले ही कई सख्त नियम लागू किए हैं। पुलिस मुख्यालय ने साफ निर्देश जारी किए हैं कि किसी भी पंडाल या कार्यक्रम में डीजे बजाने की अनुमति नहीं होगी। लाउडस्पीकर की आवाज निर्धारित डेसिबल सीमा तक ही रहनी चाहिए। इसके अलावा, रात 10 बजे के बाद किसी भी प्रकार का लाउडस्पीकर चलाने पर पाबंदी है। अगर किसी शिकायत पर पाया गया कि लाउडस्पीकर की तेज आवाज से लोगों को परेशानी हो रही है, तो पुलिस तत्काल कार्रवाई करेगी। इन मामलों में दोषी पाए जाने पर तीन साल तक की सजा का प्रावधान है।
अपर पुलिस महानिदेशक (विधि व्यवस्था) पंकज कुमार दराद ने स्पष्ट किया कि यदि किसी पंडाल से निकलने वाली आवाज पड़ोसी के घर तक पहुंच रही है और शिकायत दर्ज होती है, तो संबंधित थाना तुरंत मौके पर पहुंचकर कार्रवाई करेगा। प्रशासन का कहना है कि यह कदम विशेष रूप से मरीजों और छात्रों की परेशानी को देखते हुए उठाया गया है।
त्योहार को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए व्यापक स्तर पर व्यवस्था की गई है। इस साल विधानसभा चुनाव भी होने वाले हैं, इसलिए चौकसी और ज्यादा बढ़ा दी गई है। दुर्गा पूजा से लेकर आगामी सभी पर्व-त्योहारों के दौरान पुलिस और प्रशासन अलर्ट मोड में रहेंगे।
मूर्ति विसर्जन को लेकर भी सरकार ने कड़े निर्देश दिए हैं। बिना लाइसेंस के न तो किसी मूर्ति का विसर्जन होगा और न ही कोई जुलूस निकलेगा। साथ ही, सभी जुलूसों की वीडियोग्राफी अनिवार्य कर दी गई है ताकि बाद में किसी विवाद की स्थिति में सबूत उपलब्ध रहे। यही नहीं, पूजा पंडालों के लिए भी लाइसेंस लेना अनिवार्य कर दिया गया है।
बिहार में पिछले कुछ वर्षों से औसतन 15 से 16 हजार प्रतिमाएं स्थापित की जाती रही हैं। इस बार करीब 16 हजार प्रतिमाएं लगाई गई हैं। प्रशासन ने हर जिले में सुरक्षा बलों की तैनाती बढ़ाई है और संवेदनशील इलाकों पर विशेष नजर रखी जा रही है। पुलिस और प्रशासन की कोशिश है कि भक्त निर्भय होकर मां दुर्गा की पूजा-अर्चना कर सकें और राज्य में सौहार्दपूर्ण माहौल बना रहे।
त्योहारों में अनुशासन और नियमों के पालन के साथ ही बिहारवासी इस साल की दुर्गा पूजा को और भी खास बना रहे हैं। भक्तों का उत्साह चरम पर है, वहीं सरकार और प्रशासन की सतर्कता से यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि पूजा का पर्व शांति, सुरक्षा और सामंजस्य के साथ संपन्न हो।