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बिहार : जानबूझकर जमीन की दाखिल खारिज लटकाया तो नपेंगे अधिकारी, मिलेगा दंड

PATNA : अब अगर लंबे समय तक बिहार में दाखिल खारिज का मामला लंबित रहा तो अधिकारी फंसेंगे.इसे लेकर अब डीएम मॉनिटरिंग करेंगे. किस अधिकारी के स्तर पर कितने मामले लंबित हैं, इसकी सूचना स

बिहार  : जानबूझकर जमीन की दाखिल खारिज लटकाया तो नपेंगे अधिकारी, मिलेगा दंड
Anamika
2 मिनट

PATNA : अब अगर लंबे समय तक बिहार में दाखिल खारिज का मामला लंबित रहा तो अधिकारी फंसेंगे.इसे लेकर अब डीएम मॉनिटरिंग करेंगे. किस अधिकारी के स्तर पर कितने मामले लंबित हैं, इसकी सूचना संबंधित जिले के डीएम को हर हफ्ते मिलेगी. सबसे अधिक मामलों का निष्पादन करने वाले अधिकारियों को पुरस्कृत किया जाएगा और पेंच फंसाने वाले अधिकारियों को दंड दिया जाएगा.  

अब पूरी व्यवस्था के लिए प्वाइंट और डिले नोटिफिकेशन नाम से वेब एप्लीकेशन राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग ने बनाया है. इसपर सूचनाएं भी मिलनी शुरू हो गई है. पहले मामलों को जानबूझ कर लटकाने और भ्रष्टाचार की  शिकायत विभाग को लगातार मिल रही थी, जिसे देखते हुए नई व्यवस्था की गई है.अब इससे प्रक्रिया में और पारदर्शिता आएगी.नया एप्लीकेशन बनने के बाद अब यह पता करना आसान हो जाएगा कि किसी खास अंचल में लंबित आवेदनों में कितना आवेदन किसके पास लंबित है

बता दें कि दाखिल-खारिज की मौजूदा ऑनलाइन प्रक्रिया में प्रत्येक कर्मी की जिम्मेदारी पहले से तय है और कार्य की समय  सीमा भी तय है. लेकिन देर होने पर सूचना देने का प्रावधान नहीं था. नई व्यवस्था में अगर कोई कर्मचारी तय समय से अधिक समय तक कोई आवेदन अपने पास रोक कर रखता है तो उसकी जानकारी उसके अंचलाधिकारी को प्राप्त हो जाएगी, और अगर अंचलाधिकारी निर्धारित समय सीमा के भीतर दाखिल-खारिज के आवेदनों का निपटारा नहीं करते हैं तो संबंधित जिला पदाधिकारी को इस बात की जानकारी मिल जाएगी. इसके बाद अब उनपर कार्रवाई की जाएगी. मौजूदा समय में ऑनलाइन म्यूटेशन के लिए निर्धारित समय सीमा 35 दिन है.

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