Bihar News: बिहार चुनाव के बीच EOU का बड़ा एक्शन, इतने AI जेनरेटेड फेक वीडियो को किया ब्लॉक; रडार पर कई YouTube चैनल्स

Bihar News: बिहार में विधानसभा चुनाव होने में अब महज तीन दिनों रह गए है। ऐसे में आर्थिक अपराध इकाई (ईओयू) की विशेष यूनिट ने राज्य में आपत्तिजनक और सांप्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने वाले कुल 184 सोशल मीडिया पोस्ट और हैंडल की पहचान की है।

1st Bihar Published by: First Bihar Updated Nov 03, 2025, 2:35:32 PM

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बिहार न्यूज - फ़ोटो GOOGLE

Bihar News: बिहार में विधानसभा चुनाव होने में अब महज तीन दिनों रह गए है। ऐसे में आर्थिक अपराध इकाई (ईओयू) की विशेष यूनिट ने राज्य में आपत्तिजनक और सांप्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने वाले कुल 184 सोशल मीडिया पोस्ट और हैंडल की पहचान की है, जिसपर विभाग की ओर से कार्रवाई किया जाएगा। इसमें बिहार के मुजफ्फरपुर जिले के भी 4 पोस्ट व हैंडल शामिल हैं। विधानसभा चुनाव के लए आदर्श आचार संहिता लागू होने के बाद इन हैंडल्स से सांप्रदायिकता का जहर फैलाने की कोशिश की जा रही है।


दरअसल, इन पोस्टों के खिलाफ अवमानना के तहत कार्रवाई शुरू की गई है। प्राप्त जानकारी के मुताबिक, ईओयू के डीआईजी मानवजीत सिंह ढिल्लो ने सोशल मीडिया कंटेंट पर कहा है कि आपत्तिजनक व सांप्रदायिक पोस्ट को लेकर 67 लिंक और 25 हैंडल्स के खिलाफ 21 एफआईआर दर्ज किया गया है।


इसके अलावा, चार यूट्यूब चैनल को भी चिह्नित किया गया है. इन चैनलों पर लगातार जातीय व धार्मिक आधार पर वोटर को डराने व धमकाने वाले गाने पोस्ट किये जा रहे हैं। इन यूट्यूब चैनलों की पहचान कर आईटी एक्ट की धारा 69 के तहत कार्रवाई करने की कवायद शुरू की गई है।


वहीं, ईओयू के डीआईजी का कहना है कि विभिन्न सोशल मीडिया के 184 पोस्ट व हैंडल के खिलाफ टेक डाउन की कार्रवाई हो रही है। उन्होंने बताया कि इन सभी पोस्ट के माध्यम से चुनाव को प्रभावित करने का प्रयास किया गया है। इनके दोषियों की पहचान की जा रही है। उसके बाद उनके खिलाफ एफआईआर भी दर्ज किया जाएगा। साथ ही जांच किया जा रहा है, जिससे पता चल सके कि चुनाव से पहले सोशल मीडिया के जरीय लोगों में भ्रामता फैलाने की कोशिश की जा रही है। 


बताय जा रहा है कि अब तक कुल 17 एआई जेनरेटेड फेक वीडियो वाले लिंक को टेक डाउन के तहत प्रसारित होने से रोका गया है। दो यूट्यूब चैनल ऐसे पाए गए हैं, जो बार-बार फेक न्यूज पोस्ट कर रहे थे। इन दोनों चैनलों को ब्लॉक कराने के लिए केंद्रीय मंत्रालय के यूनिट को एक प्रस्ताव भेजा गया है।


इसके अलावा 40 सोशल प्लेटफॉर्म, 28 यूट्यूब व डिजिटल न्यूज प्लेटफॉर्म और 70 सोशल मीडिया प्रोफाइल की बार-बार आपत्तिजनक पोस्ट प्रसारित करने के लिए पहचान की गई है। इन सभी के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ब्लॉक करने की कार्रवाई शुरू की जाएगी।