Bihar News : बिहार के भागलपुर जिले से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहां रोजमर्रा का सामान्य काम एक महिला के लिए जानलेवा साबित हो गया। इस्माइलपुर थाना क्षेत्र के छोटी परवत्ता गांव में शुक्रवार की सुबह हुई इस घटना ने पूरे इलाके को शोक में डुबो दिया है। घर में खाना बनाते समय बिजली के स्विच से करंट लगने के कारण एक महिला की मौके पर ही मौत हो गई।
मृतका की पहचान 40 वर्षीय बेबी जायसवाल के रूप में हुई है, जो स्थानीय निवासी चंचल जायसवाल की पत्नी थीं। परिजनों और ग्रामीणों के अनुसार, घटना शुक्रवार सुबह करीब 7 बजे की है, जब बेबी जायसवाल अपने घर की रसोई में परिवार के लिए खाना तैयार कर रही थीं। उस समय कमरे में हल्का अंधेरा था, इसलिए उन्होंने रोशनी के लिए दीवार पर लगे बिजली के स्विच को ऑन करने का प्रयास किया।
जैसे ही उन्होंने स्विच दबाया, अचानक उसमें तेज करंट प्रवाहित हो गया और वह उसकी चपेट में आ गईं। करंट का झटका इतना तेज था कि वह मौके पर ही जमीन पर गिर पड़ीं और अचेत हो गईं। घटना के बाद घर में अफरा-तफरी मच गई और परिजनों की चीख-पुकार सुनकर आसपास के लोग भी मौके पर पहुंच गए।
परिजनों ने आनन-फानन में बेबी जायसवाल को इलाज के लिए भागलपुर स्थित जवाहरलाल नेहरू मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल (मायागंज) पहुंचाया। अस्पताल में डॉक्टरों ने तुरंत उनका उपचार शुरू किया, लेकिन हालत बेहद गंभीर होने के कारण उन्हें बचाया नहीं जा सका। इलाज के दौरान ही उनकी मौत हो गई। चिकित्सकों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया।
मृतका अपने पीछे दो पुत्र और एक पुत्री का भरा-पूरा परिवार छोड़ गई हैं। मां की अचानक मौत की खबर मिलते ही बच्चों और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई है और हर कोई इस दर्दनाक हादसे से स्तब्ध है।
स्थानीय लोगों के अनुसार, यह घटना बिजली व्यवस्था की खराब स्थिति या स्विच बोर्ड में तकनीकी खराबी के कारण हो सकती है। हालांकि वास्तविक कारणों की पुष्टि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और बिजली विभाग की जांच के बाद ही हो पाएगी। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया। पुलिस मामले की जांच में जुट गई है।
यह घटना एक बार फिर से घरों में बिजली की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े करती है। विशेषज्ञों का कहना है कि पुराने वायरिंग सिस्टम, ढीले स्विच बोर्ड और नमी के कारण करंट उतरने की घटनाएं अक्सर सामने आती हैं, जो जानलेवा साबित हो सकती हैं।
ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि क्षेत्र में बिजली आपूर्ति व्यवस्था की जांच की जाए और जर्जर तारों को तुरंत बदला जाए, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।इस दर्दनाक हादसे ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है और लोग इसे एक बड़ी लापरवाही और तकनीकी खामी का परिणाम मान रहे हैं।





