MUZAFFARPUR: देश के विकास की आधारशिला मानी जाने वाली 'जनगणना' को लेकर मुजफ्फरपुर जिला प्रशासन ने अपनी तैयारियां तेज कर दी हैं। मुजफ्फरपुर जिलाधिकारी सुब्रत कुमार सेन की अध्यक्षता में आयोजित एक उच्चस्तरीय बैठक में निर्णय लिया गया कि 17 अप्रैल से 1 मई तक ऑनलाइन स्व-गणना (Self Enumeration) का विशेष अभियान चलाया जाएगा। इसके बाद 2 मई से 31 मई तक मकान सूचीकरण का कार्य होगा।
डिजिटल भागीदारी पर जोर:
समाहरणालय सभागार में आयोजित इस बैठक में जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि स्व-गणना से न केवल समय की बचत होगी, बल्कि डेटा की शुद्धता भी सुनिश्चित होगी। उन्होंने पोर्टल se.census.gov.in के माध्यम से नागरिकों को स्वयं विवरण दर्ज करने के लिए प्रेरित किया। बैठक में आईटी मैनेजर द्वारा लाइव डेमोंसट्रेशन के जरिए पोर्टल के संचालन की तकनीकी बारीकियां समझाई गईं।
पंजीकरण और सावधानी की प्रक्रिया:
पंजीकरण के लिए परिवार के मुखिया को अपना नाम, 10 अंकों का मोबाइल नंबर और ईमेल आईडी दर्ज करना होगा। डीएम ने सख्त निर्देश दिए कि एक मोबाइल नंबर से केवल एक ही परिवार का पंजीकरण संभव है और एक बार सबमिशन होने के बाद जानकारी बदली नहीं जा सकेगी। नागरिकों को पोर्टल पर मानचित्र का उपयोग कर अपने घर की जियो-टैगिंग भी करनी होगी।
34 प्रश्नों की विस्तृत प्रश्नावली:
स्व-गणना के दौरान नागरिकों को सामाजिक, आर्थिक और शैक्षणिक स्थिति से जुड़े कुल 34 प्रश्नों के उत्तर देने होंगे। जिलाधिकारी ने अपील की है कि सभी नागरिक सटीक जानकारी दें, क्योंकि इसी डेटा के आधार पर भविष्य की सरकारी योजनाएं तैयार की जाएंगी। सफल सबमिशन के बाद प्रत्येक परिवार को 11 अंकों की स्व-गणना पहचान संख्या (SE ID)** मिलेगी, जिसे सुरक्षित रखना अनिवार्य है। बाद में क्षेत्रीय प्रगणक (Enumerator) घर आकर इस SE ID का सत्यापन करेंगे।
*जागरूकता अभियान और तकनीकी सहायता:
डिजिटल साक्षरता की कमी वाले क्षेत्रों के लिए डीएम ने विशेष कैंप लगाने के निर्देश दिए हैं। प्रचार-प्रसार वाहनों, सोशल मीडिया, विद्यालयों और आंगनवाड़ी केंद्रों के माध्यम से व्यापक जागरूकता अभियान चलाया जाएगा ताकि कोई भी नागरिक इस प्रक्रिया से वंचित न रहे।
लापरवाही पर बड़ी कार्रवाई:
मुसहरी सीओ का वेतन स्थगित: बैठक के दौरान अनुशासन और कर्तव्य के प्रति जिलाधिकारी का कड़ा रुख भी देखने को मिला। महत्वपूर्ण बैठक से अनधिकृत रूप से अनुपस्थित रहने और विभागीय कार्यों में निराशाजनक प्रदर्शन के कारण *मुसहरी के अंचलाधिकारी (CO)* पर गाज गिरी है। जिलाधिकारी ने उनका वेतन तत्काल प्रभाव से स्थगित करने, एक दिन के वेतन की कटौती करने और उनके विरुद्ध प्रपत्र 'क' गठित कर विभागीय कार्रवाई की अनुशंसा राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग को भेज दी है।
डीएम की अपील:
जिलाधिकारी ने जिलेवासियों से आह्वान किया कि जनगणना केवल एक सरकारी प्रक्रिया नहीं, बल्कि राष्ट्र निर्माण का कर्तव्य है। उन्होंने सभी से सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने का अनुरोध किया है।





