ब्रेकिंग
Bihar News : रिश्तेदार के घर पहुंचे थे सरपंच, निर्माणाधीन छज्जे की सेंट्रिंग टूटी; सरपंच की दर्दनाक मौत✦बाइक लौटाने के विवाद में वार्ड सदस्य की हत्या, पेचकस से गले पर किया वार; आरोपी गिरफ्तार✦प्रशांत किशोर चुनाव जीत गए, मंत्री जी को पता ही नहीं! MLC चुनाव के प्रचार में रामकृपाल यादव का अजीब जवाब, पत्रकारों के सवाल पर हुए असहज✦दुर्गा पूजा में पटना पुलिस का ट्रैफिक पर शिकंजा, बिना हेलमेट पकड़े गए 2163 लोग; एक दिन में 36.23 लाख का चालान✦9 दिनों तक छाती पर कलश रखकर करती रहीं मां दुर्गा की आराधना, नवरात्र खत्म होते ही 35 वर्षीय महिला की मौत से मचा कोहराम✦Bihar News : रिश्तेदार के घर पहुंचे थे सरपंच, निर्माणाधीन छज्जे की सेंट्रिंग टूटी; सरपंच की दर्दनाक मौत✦बाइक लौटाने के विवाद में वार्ड सदस्य की हत्या, पेचकस से गले पर किया वार; आरोपी गिरफ्तार✦प्रशांत किशोर चुनाव जीत गए, मंत्री जी को पता ही नहीं! MLC चुनाव के प्रचार में रामकृपाल यादव का अजीब जवाब, पत्रकारों के सवाल पर हुए असहज✦दुर्गा पूजा में पटना पुलिस का ट्रैफिक पर शिकंजा, बिना हेलमेट पकड़े गए 2163 लोग; एक दिन में 36.23 लाख का चालान✦9 दिनों तक छाती पर कलश रखकर करती रहीं मां दुर्गा की आराधना, नवरात्र खत्म होते ही 35 वर्षीय महिला की मौत से मचा कोहराम

जनता दरबार लगाने वाले नेता नीतीश कुमार को दरबारी बना दिया, आनंद मोहन ने किसे कहा चाटुकार,बेईमान और चिरकुट?

चुनाव के वक्त नारा दिया था कि 25 से 30 फिर से नीतीश, लेकिन चुनाव जीतने के बाद बीच में ऐसी क्या परिस्थितियां हो गयी कि उन्हें सत्ता से बदखल कर दिया गया। लोग तो कहते हैं कि गन प्वाइंट पर नीतीश कुमार से इस्तीफा लिया गया।

जनता दरबार लगाने वाले नेता नीतीश कुमार को दरबारी बना दिया, आनंद मोहन ने किसे कहा चाटुकार,बेईमान और चिरकुट?
Jitendra Vidyarthi
4 मिनट

MUZAFFARPUR: पूर्व बाहुबली सांसद और जदयू विधायक चेतन आनंद के पिता आनंद मोहन ने एक बार फिर बड़ा बयान दिया है। बिना नाम लिये उन्होंने जेडीयू के प्रमुख नेताओं पर जमकर अपनी भड़ास निकाली। आनंद मोहन ने मुजफ्फरपुर के एक निजी होटल में आयोजित एक कार्यक्रम में यह बातें कही है। उन्होंने बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को लेकर उन्होंने जेडीयू कार्यकर्ताओं से यह अपील किया कि नीतीश कुमार को जबरन हटाने वाले का वो पुरजोर विरोध करें। उन्होंने कहा कि जो व्यक्ति जनता दरबार लगाता था, आज कुछ चिरकुट नेताओं ने उन्हें दरबारी बना दिया है। लोग कहते हैं कि गन प्वाइंट पर नीतीश कुमार से इस्तीफा लिया गया। 


आनंद मोहन ने कहा कि चाटुकार लोग एनडीए का भला नहीं चाहते। एनडीए आज कमजोर हुआ है। स्थिति यह है कि आज चुनाव हो जाए तो चारों खाने चित हो जाएगा। आज नीतीश कुमार के सारे विकास पर पानी फेर दिया गया। चुनाव के वक्त नारा दिया था कि 25 से 30 फिर से नीतीश, लेकिन चुनाव जीतने के बाद बीच में ऐसी क्या परिस्थितियां हो गयी कि उन्हें सत्ता से बदखल कर दिया गया। लोग तो कहते हैं कि गन प्वाइंट पर नीतीश कुमार से इस्तीफा लिया गया। 


आनंद मोहन ने आगे कहा कि कभी नीतीश कुमार अपने मुख्यमंत्री आवास में जनता दरबार लगाते थे, दुनियांभर के लोग उनके दरबार में फरियाद लगाने आते थे। लेकिन आज बेइमानों ने नीतीश कुमार की वो स्थिति बना कर रख दी है कि अब हर सुबह उन्हें किसी ना किसी चिरकुट नेता के यहां पहुंचा दिया जा रहा है। जिसका दरबार लगता था आज उसी को दरबारी बना दिया है। सौ पचास लोगों में सीतामढ़ी ले जाया गया। यह नीतीश कुमार जैसे शीर्ष लीडरशिप और स्थापित नेता का अपमान है। आनंद मोहन ने कहा पूरे देश में शॉफ्ट टारगेट मुसलमानों को बनाया जा रहा है। इसलिए उन्होंने मुसलमानों को सामाजिक एकता को विखंडित नहीं होने देने की बात कही।   


उन्होंने कहा कि आनंद मोहन को किसी भी तरह से धमकाने या दबाने की कोशिश न की जाए। ऐसा करने वालों को इसके गंभीर परिणाम भुगतने पड़ सकते हैं। जदयू और एनडीए के कुछ लोगों के माध्यम से लगातार अभद्र भाषा और गाली-गलौज कराए जाने की शिकायतें सामने आ रही हैं। इसका जवाब और परिणाम भी जल्द सामने आएगा।


हमें कभी सत्ता का लोभ नहीं रहा। दुख केवल इस बात का है कि आदरणीय नीतीश कुमार हमारे नेता रहे हैं और हमने उनके नेतृत्व में सुशासन की सरकार बनाने में अपना योगदान दिया था। हमारा साथ किसी पद या सत्ता के लिए नहीं, बल्कि उनके नेतृत्व और विचारों के प्रति सम्मान के कारण था।


आज पूरे देश की राजनीति में यह चर्चा का विषय बना हुआ है कि आखिर बिहार में ऐसा क्या हुआ कि सुशासन बाबू के नाम से पहचान रखने वाले आदरणीय नीतीश कुमार को अचानक हाशिए पर धकेल दिया गया। ऐसी परिस्थितियों में जदयू के समर्पित कार्यकर्ताओं को आगे आकर अपना विरोध दर्ज कराना चाहिए और पार्टी के मूल विचारों तथा नेतृत्व के सम्मान की रक्षा करनी चाहिए।

रिपोर्टिंग
M

रिपोर्टर

MANOJ KUMAR

FirstBihar संवाददाता