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लॉकडाउन में खेत जोत रहे हैं बिहार के पूर्व कृषि मंत्री, गांव में चला रहे ट्रैक्टर

JAMUI: लॉकडाउन के कारण के बिहार के पूर्व कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह गांव पर फंसे हुए हैं. ऐसे में वह गांव पर ही खेती बारी में जुटे गए हैं. वह अपने खेत में ट्रैक्टर चलाकर खुद खे

FirstBihar
Manish Kumar
2 मिनट

JAMUI:  लॉकडाउन के कारण के बिहार के पूर्व कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह गांव पर फंसे हुए हैं. ऐसे में वह गांव पर ही खेती बारी में जुटे गए हैं. वह अपने खेत में ट्रैक्टर चलाकर खुद खेत जोत रहे हैं. नरेंद्र सिंह का गांव जमुई जिले के पकड़ी में है.

समय का कर रहा हूं उपयोग

नरेंद्र सिंह ने कहा कि कहा कि लॉकडाउन से दो दिन पहले गांव आया था. यहां पर आने के कारण फंस गया. इतना दिन गांव में रहता नहीं हूं. लेकिन अब सोचा कि इस समय का कुछ उपयोग किया जाए. इसलिए अपने खेती बारी में जुट गए. ऐसे में अपना काम भी हो गया और वक्त भी गुजर रहा है. 

खेती को मनरेगा से जोड़े सरकार

नरेंद्र सिंह ने कहा कि कहा कि मैं बहुत सारे राजनीतिक लोगों से कहना चाहता हूं कि वह अपना समय बर्बाद करने से अच्छा है कि वह अपने खेती बारी में जुटे. ऐसे करेंगे तो लोगों को खेती को लेकर रूचि बढ़ेगी. देश में 60-70 प्रतिशत लोग खेती में लगे हैं. यही किसान देश के अन्नदाता हैं. खेती करने में कोई लाभ नहीं है. किसान खेती कर करोड़पति नहीं बन सकते हैं लेकिन दो जून की रोटी खुद भी खा सकते हैं और खेत में काम करने वाले मजदूरों का खिला सकते हैं. नरेंद्र सिंह ने कहा सरकार से मनरेगा योजना को खेती से जोड़ देना चाहिए. जो मजदूर किसानों के घर काम करेंगे और किसान सर्टिफिकेट देंगे की ये काम किए है तो सरकार पैसा का भुगतान कर दें. मनरेगा योजना में बहुत सारे फर्जीवाड़ा हो रहा है. 


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