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Bihar News: कार्बन-फ्री बनेगा बिहार, जलवायु परिवर्तन से निपटने के लिए CM नीतीश ने तैयार किया मास्टरप्लान

Bihar News: जलवायु परिवर्तन से निपटने और प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण के लिए बिहार सरकार ने अभियान शुरू किया है। नीतीश सरकार ने इसके लिए मास्टर प्लान तैयार किया है।

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कार्बन-फ्री बनेगा बिहार, जलवायु परिवर्तन से निपटने के लिए CM नीतीश ने तैयार किया मास्टरप्लान
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Khushboo Gupta
Khushboo Gupta
2 मिनट

Bihar News: जलवायु परिवर्तन से निपटने के लिए बिहार सरकार तेजी से कदम उठा रही है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की विशेष पहल पर राज्य में हरित आवरण को बढ़ाने के लिए खासतौर से कार्य योजना तैयार करने के निर्देश दिए गए थे। इसे लेकर संबंधित विभाग ने योजना तैयार की है। ग्रामीण विकास विभाग के स्तर से जल-जीवन-हरियाली योजना संचालित की जा रही है, जिसके तहत जल संरक्षण और हरियाली बढ़ाने पर जोर दिया जा रहा है।


इसके अलावा सरकार क्लाइमेट रेसिलिएंट एंड लो-कार्बन डेवलपमेंट पाथ-वे नामक रणनीति दस्तावेज तैयार कर रही है। इस दस्तावेज में वर्ष 2030 और 2050 तक किए जाने वाले कार्यों की रूपरेखा तैयार की गई है। ताकि विकास कार्यों से समझौता किए बगैर वर्ष 2070 तक बिहार कार्बन-फ्री बन सके। मुख्यमंत्री की इस पहल को साकार करने के लिए व्यापक स्तर पर संबंधित विभागों ने व्यापक पहल शुरू कर दी है।


आपको बता दें कि बिहार राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड और संयुक्त राष्ट्र पर्यावरण कार्यक्रम (यूएनईपी) ने वर्ष 2021 में एक समझौता (एमओयू) किया था। इसके तहत जलवायु परिवर्तन पर अध्ययन किया गया। तीन वर्षों की विभिन्न बैठकों के बाद इस एक्शन प्लान को अंतिम रूप दिया गया है, जिसे अब राज्य कैबिनेट की मंजूरी के लिए भेजा जाएगा। बिहार में कुल 4 हजार 316 आर्द्रभूमियां (वेटलैंड) हैं, जिनका संरक्षण एवं प्रबंधन आर्द्रभूमि (संरक्षण एवं प्रबंधन) नियम, 2017 के तहत किया जाता है। सरकार का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि राज्य की कितनी जल निकायों को आर्द्रभूमि के रूप में चिह्नित किया जा सकता है। बिहार सरकार मनरेगा के तहत जल निकायों के निर्माण को प्रोत्साहित कर रही है। साथ ही कृषि विभाग पानी की खपत को कम करने के लिए मोटे अनाज, ड्रिप इरिगेशन और स्प्रिंकलर तकनीक को बढ़ावा दे रहा है।

रिपोर्टिंग
K

रिपोर्टर

KHUSHBOO GUPTA

FirstBihar संवाददाता