Bihar Flood Alert: नेपाल के इलाकों में लगातार हो रही तेज बारिश का असर बिहार की नदियों पर दिख रहा है. खासकर सुपौल और मिथिलांचल के कई इलाकों में बाढ़ का खतरा बढ़ गया है. कोसी नदी में अचानक पानी बढ़ने से प्रशासन की चिंता बढ़ गई है, वहीं कमला बलान नदी भी खतरे के निशान के काफी करीब पहुंच गई है. हालात को देखते हुए प्रशासन ने लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है.
सोमवार को कोसी नदी में इस साल का सबसे ज्यादा पानी दर्ज किया गया. नेपाल में हो रही लगातार बारिश के कारण कोसी बराज पर पानी का दबाव बढ़ गया. रविवार शाम से ही नदी का जलस्तर बढ़ना शुरू हो गया था, जो सोमवार को और तेज हो गया.
सुबह के समय कोसी बराज पर पानी का बहाव 91 हजार 575 क्यूसेक दर्ज किया गया था. इसके बाद कुछ ही घंटों में पानी तेजी से बढ़ा और दोपहर तक यह 1 लाख 86 हजार 385 क्यूसेक तक पहुंच गया. इस साल अब तक कोसी में इतना ज्यादा पानी नहीं आया था.
हालांकि बाद में पानी के बहाव में थोड़ी कमी आई, लेकिन प्रशासन अभी भी पूरी तरह अलर्ट है. अधिकारियों का कहना है कि अगर नेपाल में बारिश जारी रही तो आने वाले समय में नदी का जलस्तर और बढ़ सकता है.
कोसी नदी के बढ़ते पानी को देखते हुए सुपौल जिला प्रशासन ने निगरानी बढ़ा दी है. डीएम सावन कुमार और एसपी शरथ आरएस ने कोसी बराज पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया. उन्होंने जल संसाधन विभाग के अधिकारियों से नदी की स्थिति और तटबंधों की सुरक्षा को लेकर जानकारी ली.
प्रशासन की ओर से तटबंधों पर नजर रखी जा रही है. जहां पानी का दबाव ज्यादा है, वहां विशेष निगरानी की जा रही है ताकि किसी भी परेशानी से समय रहते निपटा जा सके.
वहीं मधुबनी जिले के झंझारपुर इलाके में कमला बलान नदी का पानी भी लगातार बढ़ रहा है. नदी अब खतरे के निशान से सिर्फ 50 सेंटीमीटर नीचे है. सोमवार को यहां जलस्तर 50 मीटर दर्ज किया गया, जबकि खतरे का निशान 50.50 मीटर है.
कमला बलान नदी के आसपास रहने वाले लोगों की परेशानी बढ़ने लगी है. नदी किनारे बसे गांवों में लोग पानी के बढ़ते स्तर को लेकर चिंतित हैं. कई जगहों पर लोगों को आने-जाने के लिए नाव का सहारा लेना पड़ रहा है.
परतापुर और भदुआर घाट जैसे इलाकों में लोगों की मुश्किलें बढ़ गई हैं. ग्रामीणों का कहना है कि अगर नदी का पानी और बढ़ा तो निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को परेशानी हो सकती है.
बाढ़ नियंत्रण विभाग ने भी अपनी तैयारी तेज कर दी है. नदी के किनारे बने तटबंधों की लगातार जांच की जा रही है. अधिकारियों और कर्मचारियों को दिन-रात नजर रखने के निर्देश दिए गए हैं.
अधिकारियों के अनुसार नेपाल के कई इलाकों में हुई तेज बारिश के कारण बिहार की नदियों में पानी बढ़ रहा है. कोसी और कमला बलान के अलावा दूसरी नदियों पर भी नजर रखी जा रही है.




