बिहार की राजनीति में इन दिनों मोकामा के विधायक अनंत सिंह लगातार सुर्खियों में बने हुए हैं। कभी जेडीयू के राजनीतिक फैसलों को लेकर तो कभी विधान परिषद चुनाव के दौरान उनके अलग रुख को लेकर, अनंत सिंह चर्चा के केंद्र में हैं। पार्टी से दूरी, निष्कासन की कार्रवाई और पुराने मामले में सरेंडर करने के आदेश के बीच अब उनकी एक और यात्रा ने राजनीतिक गलियारों में हलचल बढ़ा दी है।
दरअसल, अनंत सिंह अपनी बेटी की शादी की तैयारियों में जुटे हैं। शादी से पहले वह राजधानी पटना से प्रयागराज जाने वाले हैं। जैसे ही उनकी प्रयागराज यात्रा की जानकारी सामने आई, लोगों के मन में कई तरह के सवाल उठने लगे। आखिर अचानक अनंत सिंह प्रयागराज क्यों जा रहे हैं? क्या वह अपनी बेटी की शादी का निमंत्रण देने जा रहे हैं या इसके पीछे कोई दूसरी वजह है? इन तमाम चर्चाओं के बीच अब खुद मोकामा विधायक ने अपनी यात्रा की वजह बता दी है।
आखिर प्रयागराज क्यों जा रहे हैं अनंत सिंह?
अनंत सिंह की प्रयागराज यात्रा को लेकर जब उनसे सवाल किया गया तो उन्होंने अपने पुराने रिश्ते का जिक्र करते हुए पूरी बात साफ कर दी। विधायक ने बताया कि प्रयागराज में उनके एक पुराने मुस्लिम मित्र रहते हैं, जिनका नाम पप्पू सलमान है। उन्हीं के घर एक कार्यक्रम आयोजित किया गया है और उस कार्यक्रम में शामिल होने के लिए वह प्रयागराज जा रहे हैं।
अनंत सिंह ने बताया कि पप्पू सलमान से उनका काफी पुराना संबंध है। वह उनके घर आयोजित होने वाले कार्यक्रमों में शामिल होने के लिए आते रहते हैं। ऐसे में जब इस बार उनके मित्र की ओर से कार्यक्रम में शामिल होने का न्योता मिला तो उन्होंने भी वहां जाने का फैसला किया।
यानी अनंत सिंह की मानें तो उनकी प्रयागराज यात्रा के पीछे कोई राजनीतिक वजह नहीं है, बल्कि यह पुराने दोस्ती और निजी संबंधों का मामला है। हालांकि, बिहार की मौजूदा राजनीतिक परिस्थितियों को देखते हुए उनकी इस यात्रा को लेकर तरह-तरह की चर्चाएं जरूर शुरू हो गई थीं।
बेटी की शादी से पहले अनंत सिंह का प्रयागराज दौरा
मोकामा विधायक अनंत सिंह के परिवार में इन दिनों शादी की तैयारियां भी चल रही हैं। उनकी बेटी शिवांगी सिंह की शादी 25 नवंबर को होनी है। ऐसे में शादी से ठीक पहले उनका पटना से प्रयागराज जाना लोगों के लिए चर्चा का विषय बन गया।
राजनीतिक गलियारों में यह सवाल उठने लगा कि क्या अनंत सिंह अपनी बेटी की शादी का निमंत्रण देने के लिए प्रयागराज जा रहे हैं? क्या वहां उनके कुछ खास मेहमान रहते हैं, जिन्हें वह व्यक्तिगत रूप से शादी में शामिल होने का न्योता देना चाहते हैं?
हालांकि, अनंत सिंह ने अपनी यात्रा की जो वजह बताई है, उसके मुताबिक वह अपने पुराने मित्र पप्पू सलमान के यहां आयोजित कार्यक्रम में शामिल होने जा रहे हैं। उनके बयान से कम से कम प्रयागराज दौरे को लेकर उठ रहे सवालों पर स्थिति स्पष्ट हो गई है।
सरेंडर की तारीख पर भी अनंत सिंह ने तोड़ी चुप्पी
प्रयागराज यात्रा के दौरान या उससे पहले अनंत सिंह से जब सरेंडर की तारीख को लेकर सवाल किया गया तो उन्होंने इस पर भी खुलकर जवाब दिया। दरअसल, एक पुराने मामले में सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद मोकामा विधायक को सरेंडर करना है। इस मामले में पहले 1 दिसंबर की तारीख चर्चा में आई थी।
लेकिन अब मीडिया में 4 दिसंबर को सरेंडर करने की बात सामने आ रही है। ऐसे में सवाल उठने लगा कि क्या अनंत सिंह को कोर्ट से कोई राहत मिल गई है? क्या उनकी सरेंडर करने की तारीख आगे बढ़ा दी गई है? इस सवाल पर अनंत सिंह ने साफ कहा कि उन्हें किसी तरह की नई राहत नहीं मिली है। उन्होंने कहा कि उन्हें पहले से ही 4 दिसंबर को सरेंडर करना था। मीडिया में गलत तरीके से 1 दिसंबर की तारीख चला दी गई थी। अनंत सिंह के मुताबिक, 1 दिसंबर को सरेंडर करने की बात सही नहीं थी। उन्होंने स्पष्ट किया कि सरेंडर की तारीख को लेकर जो भ्रम फैल रहा है, वह मीडिया में आई गलत जानकारी की वजह से है।
राजनीति से लेकर परिवार तक, हर तरफ चर्चा में छोटे सरकार
गौरतलब है कि अनंत सिंह इन दिनों कई वजहों से राजनीतिक चर्चा में हैं। बिहार विधान परिषद चुनाव के दौरान उन्होंने जेडीयू के आधिकारिक राजनीतिक रुख से अलग जाकर अपना समर्थन दिया था। इसके बाद पार्टी के भीतर उनके खिलाफ नाराजगी बढ़ी और जेडीयू ने उन्हें छह साल के लिए निष्कासित करने की कार्रवाई की। पार्टी की ओर से उनके विधानसभा सदस्यता के मामले को लेकर विधानसभा अध्यक्ष को भी पत्र भेजा गया।
वहीं, पुराने आपराधिक मामले में सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद सरेंडर करने का मामला भी उनके सामने है। इन राजनीतिक और कानूनी घटनाक्रमों के बीच अब परिवार में होने वाली शादी भी चर्चा का विषय बनी हुई है। ऐसे में अनंत सिंह का प्रयागराज दौरा भले ही एक पुराने दोस्त के घर आयोजित कार्यक्रम में शामिल होने के लिए हो, लेकिन मौजूदा हालात में उनकी हर गतिविधि पर राजनीतिक नजरें टिकी हुई हैं।
अब देखना दिलचस्प होगा कि प्रयागराज से लौटने के बाद अनंत सिंह अपनी बेटी की शादी की तैयारियों में किस तरह जुटते हैं और 4 दिसंबर को प्रस्तावित सरेंडर को लेकर आगे क्या घटनाक्रम सामने आता है। फिलहाल, विधायक ने अपनी प्रयागराज यात्रा और सरेंडर की तारीख को लेकर उठ रहे दोनों सवालों पर अपना पक्ष साफ कर दिया है।





